सर छोटूराम इंस्टीटयूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी में शिक्षकों को पुनर्नियोजन के लिए समिति का गठन कर आवेदन करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया गया। समिति की अनुशंसा के आधार पर ही पुनर्नियोजन की प्रक्रिया की जाएगी। अन्यथा की स्थिति में आवश्यकतानुसार चयन प्रक्रिया शुरू होगी। 14 छात्रों को शोध उपाधि प्रदान की गई।
बीटेक में ईई ब्रांच बंद होने के बाद इस बात की संभावना पर भी विचार किया जाएगा कि ऐसे विषय प्रारंभ किए जाएं, जो आधुनिक बाजार की मांग के अनुरूप हो जिससे अधिक से अधिक शिक्षकों एवं कर्मचारियों को आवश्यकतानुसार समायोजित किया जा सके।
पिछले साल इस ब्रांच में 60 में से चार ही एडमिशन हुए थे। हाईरैंक बिजनेस स्कूल गौतमबुद्धनगर द्वारा स्ववित्त पोषित योजना के अंतर्गत चल रहे बीएड कोर्स की मान्यता रदद कर दी गई।
एमबीबीएस कॉपी प्रकरण में गिरी गाज
वर्ष 2018 में एसटीएफ ने एमबीबीएस की कॉपियों में गड़बड़ी के चलते विवि के कर्मचारियों समेत नौ लोगों को जेल भेजा था। ये सभी एमबीबीएस में कॉपियों की अदला-बदली के खेल में जुड़े हुए थे। दो एमबीबीएस के छात्र भी जेल गए थे। पूरे मामले की लखनऊ एसआईटी द्वारा जांच की जा रही है।
एसआईटी कई बार कर्मचारियों के बयान दर्ज कर चुकी है। दोनों छात्रों का जांच जारी रहने तक रिजल्ट रोकने के आदेश दिए थे। लेकिन बाद में दोनों छात्रों का रिजल्ट जारी हो गया था। जानकारी मिलते ही कुलपति प्रो. एनके तनेजा ने रिजल्ट रोके जाने के आदेश देकर चार कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया था। डिप्टी रजिस्ट्रार अरुण यादव को कार्य से हटा दिया था। जांच समिति गठित कर दी गई थी।