विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, इस पाठ्यक्रम में प्रवेश राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी द्वारा आयोजित राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षा के माध्यम से होगा। वर्ष-26 में कक्षा 12वीं की परीक्षा में सम्मिलित होने वाले अथवा उत्तीर्ण अभ्यर्थी निर्धारित पात्रता के अनुसार आवेदन कर सकेंगे। इस कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों को विषय-विशेष ज्ञान के साथ-साथ शिक्षण कौशल, विद्यालयीय इंटर्नशिप, शैक्षिक प्रौद्योगिकी एवं शोध आधारित प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। चार वर्ष की अवधि पूर्ण करने पर अभ्यर्थियों को स्नातक उपाधि के साथ बीएड की डिग्री प्रदान की जाएगी। प्रवेश प्रक्रिया विश्वविद्यालय अनुदान आयोग एवं राज्य सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप संचालित की जाएगी। काउंसिलिंग प्रक्रिया में आरक्षण नीति एवं मेरिट के आधार पर सीटों का आवंटन किया जाएगा।
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