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यूपी: हाईवे पर हादसा, खून से लथपथ बच्चों को देख सिहर उठे परिजन, 2 की मौत

Wed, 04 Jul 2018 11:30 AM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
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रोडवेज बस ने ई-रिक्शा में मारी टक्कर - फोटो : अमर उजाला
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सहारनपुर में देहरादून हाईवे पर उत्तराखंड डिपो की रोडवेज बस ने स्कूली बच्चों को ले जा रही ई-रिक्शा में जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में दो छात्राओं की मौत हो गई, जबकि छह बच्चे घायल हो गए। इनमें से एक की हालत गंभीर बनी है। घायलों का सहारनपुर के जिला अस्पताल और देहरादून के महंत इंद्रेश एवं मैक्स अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हादसे से आक्रोशित लोगों ने हंगामा कर विरोध भी जताया। एडीएम प्रशासन और एसपी देहात ने मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी ली।

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छुटमलपुर की हरिजन कालोनी गली नंबर दो निवासी हकीम अब्दुल खालिक परिवार के आठ बच्चे ई-रिक्शा से सुबह पौने आठ बजे फतेहपुर भादो स्थित माउंट कार्मेल क्रिश्चियन एकेडमी जा रहे थे। एचडीएफसी बैंक के सामने वाली गली से जैसे ही ई-रिक्शा हाइवे पर आया तो देहरादून की तरफ से आ रही उत्तराखंड की देहरादून ग्रामीण डिपो की बस ने टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही बच्चे रिक्शा से उछल कर सड़क पर जा गिरे और चीख-पुकार मच गई। राहगीरों ने आनन-फानन में सभी बच्चों को कस्बे के आयुष्मान अस्पताल में भर्ती कराया। जहां चार वर्षीय सुहालिया पुत्री राव शाहिद को मृत घोषित कर दिया गया, जबकि शाहिद के दो बच्चों जुनैद (11) जेबा (7) उसके बड़े भाई मुहम्मद अली की बेटी जैनब (13) छोटे भाई राव राशिद के बेटे अयान (4) बहन प्रवीन के तीन बच्चों भगवानपुर थाना क्षेत्र के गांव खेड़ी शिकोहपुर निवासी नौरीन (12), मोइन (10) और समरीन (4) घायल हो गए। इन घायलों  को देहरादून के मैक्स एवं महंत इंद्रेश और सहारनपुर के जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उपचार के दौरान जैनब की भी मौत हो गई। हादसे में ई रिक्शा चालक शहजाद को भी चोटें आईं। उसे उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। हादसे के बाद रोडवेज बस का चालक मौके से फरार हो गया।

वहीं पुलिस ने रोडवेज बस को कब्जे में ले लिया। घटना के बाद एडीएम-ई एसके दूबे, एसडीएम बेहट वैभव शर्मा, तहसीलदार सुधीर कुमार, एसपी देहात विद्या सागर मिश्रा, सीओ सदर बीपी सिंह, गागलहेडी और बिहारीगढ़ थाना पुलिस के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने यहां से घायल बच्चों को पुलिस जीप से एस्कार्ट कराते हुए देहरादून भिजवाया। हादसे से गुस्साए कुछ लोगों ने हाइवे पर काफी देर तक हंगामा किया। उन्होंने स्कूल खुलने और छुट्टी के समय वाहनों की रफ्तार पर अंकुश लगाने और स्पीड ब्रेकर की मांग की। परिजनों की तरफ से बस चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
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खून से लथपथ बच्चों को देखकर सिहर उठे परिजन

हादसे के बाद भीड़ जमा - फोटो : अमर उजाला
हादसे के बाद खून से लथपथ बच्चों को देख परिजन सिहर उठे। घटनास्थल से लेकर हरिजन कालोनी में चीख-पुकार मची रही। हादसे की खबर लगते ही हर कोई बच्चों को देखने के लिए दौड़ पड़ा। हादसे में   एक बच्ची को खो देने के बाद परिवार के लोग अन्य बच्चों की सलामती की दुआएं मांग रहे हैं।
   
परिवार को सांत्वना देने पहुंचे सियासी दलों के नेता
हादसे की सूचना के बाद जहां बड़ी संख्या में लोग पीड़ित परिवार को सांत्वना देने पहुंचे वहीं सियासी दलों के नेता भी बच्ची के जनाजे में शामिल हुए। इनमें पूर्व विधायक इमरान मसूद, पूर्व दर्जा प्राप्त मंत्री सरफराज खान, पूर्व विधायक शशिबाला पुंडीर, रालोद जिला अध्यक्ष राव कैसर सलीम, प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष चौ मेहरबान आलम, बसपा जिला उपाध्यक्ष राव बाबर, पुंवारका ब्लाक प्रमुख प्रतिनिधि कुलबीर राणा, जिला पंचायत सदस्य सुशील राणा आदि शामिल रहे।
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एक माह में सड़क हादसों में जा चुकी 10 की जान

घायल ई-रिक्शा चालक - फोटो : अमर उजाला
छुटमलपुर क्षेत्र में हुए एक माह में हुए सड़क हादसों में दस से ज्यादा लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। इसके पीछे सड़कों पर किया गया अतिक्रमण बड़ी वजह है। मंगलवार की घटना में भी जिस गली से निकल कर रिक्शा सड़क पर आया तो उसके दोनो तरफ ट्रक खड़े रहने से हाईवे का कुछ भी नहीं दिखता है। अक्सर ऐसी ही दिक्कतें अन्य वाहन चालकों के सामने आती हैं। एक माह में हुए हादसों में बच्चों और युवकों से लेकर अन्य दस लोगों की जान जा चुकी है।

स्कूली बच्चों की सुरक्षा के लिए सभी को रहना होगा गंभीर 
एडीएम एसके दुबे सहित अन्य अफसरों ने कहा कि अधिकतर ई-रिक्शा या अन्य वाहनों में मानकों से अधिक बच्चों को ले जाने और सड़क पर सुरक्षा में लापरवाही को लेकर प्रशासन पहले भी कार्रवाई करता रहा है। आगे भी की जाएगी। उन्होंने कहा कि अभिभावकों को भी ध्यान रखना चाहिए कि जिस वाहन से बच्चे भेजे जा रहे हैं। उसमें क्षमता और मानकों से अधिक बच्चे तो नहीं हैं। सड़क पर सिविल और यातायात पुलिस को और सक्रिय किया जाएगा।

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