मेरठ। आज नए वित्तीय वर्ष से लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ेगा। मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे स्थित काशी टोल पर प्रत्येक वाहन को पांच से 10 रुपये अतिरिक्त टोल शुल्क देना होगा। इस टोल से प्रतिदिन लगभग 60 हजार वाहन गुजरते हैं। सोमवार रात 12:00 बजे से नया टोल शुल्क लागू कर दिया गया। टोल प्लाजा पर नए शुल्क की सूची चस्पा कर दी गई है।
वहीं, महानगर में वर्ष 2004 के बाद किसी भी भवन में किए गए निर्माण पर फीसदी गृहकर बढ़ा दिया है। 31 मार्च तक गृहकर जमा करने पर चल रही छूट भी खत्म कर दी गई है। गत वर्ष निगम ने कुल 168 करोड़ की गृहकर वसूली की। इस वर्ष 210 करोड़ वसूली का लक्ष्य रखा गया है। जलकर में कोई वृद्धि नहीं की गई है।
एनएचएआई द्वारा नई टोल शुल्क प्रणाली को देशभर में लागू कर किया है। जिसके अनुसार एक्सप्रेसवे पर यात्रा करने वाले वाहनों के टोल शुल्क में पांच से दस रुपये की बढोतरी की गई है। 4 पहिया वाहन, हल्के मालवाहक वाहन, मिनी बस, ट्रक बस, कंटेनर और ट्राले पर पांच से दस रुपये की बढ़ोतरी हुई है। काशी टोल प्लाजा के मैनेजर भूपेश त्यागी ने बताया कि नए वित्तीय वर्ष में प्रत्येक वर्ष एनएचएआई के द्वारा टैक्स की दरों में कुछ प्रतिशत की बढ़ोतरी की जाती है। इसी के तहत सोमवार रात 12 बजे से एक्सप्रेसवे से होकर जाने वाले वाहनों पर पांच से दस रुपये टैक्स बढ़ाया गया है।
जीआईएस सर्वे में चिह्नित किए नए भवन
नगर आयुक्त सौरभ गंगवार ने बताया कि 31 मार्च 2025 तक महानगर में कर-करेत्तर में 168 करोड़ की वसूली कर ली है। नए वित्तीय वर्ष में नगर निगम ने यह लक्ष्य 25 प्रतिशत बढ़ाकर 210 करोड़ रखा है। जीआईएस सर्वे में नए भवन चिह्नित किए हैं, उन सभी पर गृहकर लगाना तय कर लिया गया है। गृहकर की वसूली बढ़ेगी तो शहर में विकास कार्य भी ज्यादा होंगे।
21 साल पुराने भवनों के नए निर्माण पर बढ़ा गृहकर
नगर निगम में 2004 में गृहकर के रेट निर्धारित हुए थे। तब से गृहकर नहीं बढ़ाया गया था। जिसके चलते जीआईएस सर्वे में महानगर में 4.49 लाख भवन होने की बात सामने आई। निगम द्वारा भौतिक सत्यापन में जीआईएस सर्वे पर सवाल उठे। कई प्लाॅट भी भवन बताकर टैक्स लगा दिया। जीआईएस सर्वे में भ्रष्टाचार के आरोप लगाकर पार्षदों, व्यापारियों ने हंगामा भी किया। नए वित्तीय वर्ष में 21 साल पुराने भवनों में किए गए नए निर्माण पर 25 प्रतिशत गृहकर लगाया गया है। जिन भवनों में 21 साल से कोई निर्माण नहीं हुआ, उन पर गृहकर नहीं बढ़ाया गया।
ईद पर चार करोड़ का गृहकर वसूला
मेरठ। नगर निगम ने ईद पर छुट्टी के दिन सोमवार को भी गृहकर के बकायेदारों के खिलाफ अभियान चलाया गया है। 50 से ज्यादा भवन और दुकान सील की और 1.05 करोड़ गृहकर जमा कराया। तीन करोड़ विद्युत विभाग ने निगम को अपना गृहकर दे दिया। नगर आयुक्त ने बताया कि अभियान, विद्युत विभाग और निगम कार्यालय में पहुंचकर गृहकर जमा कराया गया। करीब 4 लाख दस लाख रुपया निगम की तिजोरी में पहुंचा है।
गृहकर बढ़ने से ये मिलेगा लाभ
नगर आयुक्त ने बताया कि सीएम ग्रिड योजना में 50 करोड़ से शहर में तीन सड़क निर्माण पर स्वीकृति मिल गई है। निगम ने शहर की आठ सड़क सीएम ग्रिड से बनाने का प्रस्ताव शासन में भेज दिया है। शास्त्रीनगर नई सड़क पर निगम के नये भवन के लिए 46 करोड़, जोनल कार्यालय, सीनियर सिटीजन और एनिमल बर्थ सेंटर सहित कई योजना का पैसा गृहकर की वसूली के आधार पर ही शासन से निगम को मिला है। टारगेट पूरा होने पर धनराशि मिलेगी।
इन वाहनों पर बढ़ा टोल शुल्क
वाहनों के प्रकार टोल अब टोल बढोतरी के बाद
वाहन कर पहले - अब
-कार,जीप वैन 165 170
-हल्के माल वाहन और मिनी बस 265 275
-बस या ट्रक 560 570
-ट्रक मल्टी एक्सल, दो एक्सल 610 620
-मल्टी एक्सल वाहन, चार और छह एक्सल 875 885
-ट्रोला और कंटेनर आदि 1065 1075