विकास दुबे की गिरफ्तारी को लेकर यूपी पुलिस की फिर किरकिरी हुई है। बागपत जिले में कुख्यात अपराधियों की दूसरे राज्यों में गिरफ्तारी की लंबी फेहरिस्त है। परमवीर तुगाना पर जिले में कई मुकदमे दर्ज थे, लेकिन उसकी गिरफ्तारी राजस्थान से हुई थी। इसी तरह अन्य अपराधी पुलिस पकड़ से दूर हैं।
हप्पू की गिरफ्तारी पर उठे थे सवाल
एक लाख रुपये के इनामी रहे अजीत उर्फ हप्पू को क्राइम ब्रांच ने राजस्थान के टोंक जिले से धर दबोचा था। हप्पू बरेली जेल में बंद है और ऑप्रेशन क्लीन में उसका नाम शामिल है। गिरफ्तारी के दौरान भी सवालों की सुगबुगाहट उठी थी।
उदयपुर में पकड़ गया था परमवीर तुगाना
जिले की पुलिस को परमवीर तुगाना की तलाश थी, लेकिन उसे पकड़ा था नोएडा एसटीएफ ने। पचास हजार रुपये के इनामी तुगाना की गिरफ्तारी में स्थानीय पुलिस बगलें झांकती रह गई थी।
बागपत से भागा, पटियाला में पकड़ा गया
कुख्यात अमित भूरा को पुलिस पर हमला कर बागपत से भगाया गया था। बाद में उसे पटियाला से गिरफ्तार किया गया। वह पटियाला जेल में ही बंद हैं। उत्तराखंड और यूपी पुलिस उसकी गिरफ्तारी नहीं कर सकी थी।
पुलिस के हाथ से फिसल गया रामवीर शौकीन
पुलिस का हाल यह है कि भूरा फरारी केस में शामिल रहे पूर्व विधायक रामवीर शौकीन को पुलिस सफदरगंज अस्पताल में इलाज के लिए लेकर गई थी। जिले की पुलिस देखती रह गई और रामवीर शौकीन चकमा देकर भाग गया था।