पूर्व जिला पंचायत सदस्य पूनम चौधरी की पुत्रवधू भावना की हत्या भदौड़ा गैंग के शूटरों से कराई गई थी। पुलिस जांच में हत्या के पीछे भावना के परिवार वालों का हाथ सामने आया है। पुलिस ने भावना की सास, एक रिश्तेदार गोपाल और तीन शूटरों को हिरासत में लिया है।हत्या की प्लानिंग जेल में रची गई थी। इस चर्चित हत्याकांड का पुलिस शनिवार को खुलासा कर सकती है।
घटना पल्लवपुरम में 26 दिसंबर की रात को हुई थी। पूर्व जिला पंचायत सदस्य पूनम चौधरी की पुत्रवधू भावना की बदमाशों ने गोली बरसाकर हत्या कर दी थी। जबकि बदमाशों की एक गोली भावना के पति प्रशांत को भी लगी थी। इस मामले में दौराला के पूर्व ब्लॉक प्रमुख राहुल देव, कमालपुर ग्राम प्रधान गौरव समेत पांच लोगों पर केस दर्ज हुआ था। पुलिस ने शुरूआत से ही नामजदगी को झूठा बताया था।
पुलिस के मुताबिक भावना की हत्या भाडे़ के शूटरों द्वारा कराई गई। इस वारदात में परिजनों की भूमिका सामने आयी है। पुलिस ने हत्या को अंजाम देने वाले शूटरों को भी पकड़ लिया है। पुलिस अफसरों का कहना है कि भदौड़ा गैंग के शूटरों द्वारा यह वारदात कराई गई है, जिसका खुलासा शनिवार को होगा।
जेल में बनी प्लानिंग
गन्ना समिति चुनाव के दौरान दौराला में दो पक्षों में गोलीबारी हुई थी। जिसमें नरेंद्र की हत्या हो गई थी। इस मामले में भावना का ससुर ब्रजवीर उर्फ मुन्नू समेत तीन लोग जेल में बंद हैं। अंदेशा जताया गया कि ब्रजवीर की मुलाकात जेल में बंद कुख्यात योगेश भदौड़ा से हुई। पुलिस के मुताबिक भदौड़ा गैंग ने सुपारी लेकर वारदात को अंजाम दिया। प्लानिंग बनी थी कि भावना की हत्या में दूसरा पक्ष राहुल देव और अन्य लोग जेल चले जाएंगे। उसके बाद दोनों पक्षों में समझौता हो जाएगा।
पुलिस को प्रशांत की तलाश
भावना की हत्या के कुछ दिन बाद से पति प्रशांत गायब है। पुलिस ने कई बार प्रशांत से बातचीत व उसके बयान लेने के प्रयास किए, लेकिन वह सामने नहीं आता था। वारदात के दौरान प्रशांत द्वारा बताई कहानी में पहले से झोल थे। आरोपी घर से डीवीआर भी उठाकर ले गए। जिस पर पुलिस का शक गहराता जा रहा था।
पांच लाख रुपये की सुपारी दी
पुलिस के मुताबिक भावना की हत्या पांच लाख रुपये की सुपारी देकर करायी गई। एक शूटर जमालपुर गांव का और दूसरा तितावी मुजफ्फरनगर का बताया गया है। पुलिस दोनों शूटरों से पूछताछ में लगी है। भदौड़ा ने शूटरों के नाम बताए थे, जिनसे एक युवक ने संपर्क किया।
इस खुलासे में बड़ी डील
भावना की हत्या का खुलासा कराने के लिये पुलिस ने बड़ी डील की है। एक सपा नेता नामजद आरोपियों के बचाव में उतरा हुआ था। कई बार उसने पुलिस अधिकारियों से मुलाकात भी की। इस मामले में सपा नेता पर डील करने का आरोप लगा है।
रजनी हत्याकांड से लिया सबक
परीक्षितगढ़ के सोना ग्राम प्रधान की पुत्रवधू रजनी की हत्या के खुलासे से पुलिस ने सबक लिया है। रजनी की हत्या उसके पति बिजेंद्र उर्फ अंजू ने भाडे़ पर कराई थी। पुलिस ने इसका सही खुलासा किया, जिसका किसी ने कोई विरोध नहीं किया। इस वारदात का खुलासा करने के बाद पुलिस ने भावना हत्याकांड का भी खुलासा करने की बात कही थी। सुबूत और तथ्यों के आधार पर पुलिस ने भावना की सास और रिश्तेदार को हिरासत में लिया।
ग्रामीण पहुंचे एसएसपी आवास
पूनम चौधरी को हिरासत में लेने की सूचना पर कमालपुर गांव के लोग एसएसपी आवास पहुंचे। ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस सत्ताधारी नेताओं के दबाव में भावना की हत्या का गलत खुलासा करने की तैयारी में लगी है। नामजद आरोपी आज भी सरेआम घूम रहे है। हालांकि पुलिस ने उनको आश्वासन दिया कि किसी को गलत नहीं फंसाया जाएगा।