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सीएए के विरोध पर संघ हुआ सक्रिय

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सीएए के विरोध पर संघ हुआ सक्रिय
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मेरठ। नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को लेकर देशभर में चल रहे विरोध और समर्थन के बीच संघ परिवार सक्रिय हो गया है। जिस तरह उत्तर प्रदेश में सीएए को लेकर हिंसात्मक आंदोलन हुए, उससे संघ परिवार बेचैन है। क्योंकि दंगा रहित शासन देने के वादे को कहीं न कहीं इस हिंसात्मक आंदोलन ने झटका जरूर दिया है। लेकिन इसके बीच यह बात भी साफ हो गई कि सीएए पर संघ परिवार ने भाजपा को पूरा समर्थन दे दिया है।
सीएए का विरोध होना तो तय था। लेकिन हिंसात्मक आंदोलन होगा, यह शायद भाजपा ने नहीं सोचा था। उत्तर प्रदेश में भाजपा दंगा रहित शासन देने के वादे के साथ आई थी। पिछले दो साल में यह कहीं न कहीं पूरा होता भी नजर आया। हालांकि सीएए के विरोध में जो उपद्रव हुआ, वह सांप्रदायिक दंगा न होकर सीधे सरकार और सरकारी तंत्र के खिलाफ था। लेकिन इसमें बड़े पैमाने पर हुई हिंसा ने भाजपा के साथ संघ परिवार को भी बेचैन कर दिया।
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शनिवार को हुई समन्वय बैठक में उत्तर प्रदेश के सबसे संवेदनशील पश्चिमी क्षेत्र को लेकर मंथन हुआ। जिसमें संघ नेताओं ने भाजपा के जनप्रतिनिधियों और पार्टी पदाधिकारियों को बहुत ही गंभीरता से पूरे मामले पर न केवल दिशा निर्देश दिया, बल्कि यह भी साफ कर दिया कि सीएए को उनका पूरा समर्थन है। विरोध को खत्म करने के लिए बनी रणनीति में भाजपा के साथ संघ परिवार ने खुद को भी सीधे-सीधे जोड़ दिया। भाजपा कार्यकर्ता और संघ स्वयंसेवक घर-घर जाकर सीएए की विस्तृत जानकारी देंगे। इसके लिए पत्रक भी तैयार होकर आ चुके हैं, जिसमें नागरिकता संशोधन कानून की विस्तृत जानकारी दी गई है। इस बैठक में प्रदेश भाजपा से चार पदाधिकारियों सहित पश्चिमी क्षेत्र की पूरी कमेटी, पश्चिमी क्षेत्र के सभी जिलाध्यक्ष और महामंत्री के साथ ही संघ के सभी 29 अनुसांगिक संगठनों के जिलाध्यक्ष, जिला संयोजक व जिला प्रभारी मौजूद रहे।
हिंसा पर जताई चिंता
बैठक के बाद शीर्ष नेतृत्व ने मेरठ में हुए हिंसक उपद्रव पर चिंता जताई। लेकिन पुलिस प्रशासन की इस बात पर पीठ भी थपथपाई कि इतने बड़े उपद्रव के बाद बहुत जल्दी माहौल शांत कर दिया गया।
ये कानून किसी की नागरिकता नहीं छीनेगा : सिंह
सांसद और केंद्रीय परिवहन राज्यमंत्री जनरल वीके सिंह ने कहा कि जो विस्थापित अल्पसंख्यक प्रताड़ित होकर भारत आ रहे हैं उनके लिए व्यवस्था की गई है। ये कानून किसी की नागरिकता नहीं छीनेगा। मुस्लिम देशों से मुस्लिम प्रताड़ित होकर क्यों भारत आएगा। ये बात उन्होंने इस कानून में मुस्लिमों को न जोड़ने वाले सवाल पर कही।
लोगों को उकसाकर विरोध कराया : राणा
प्रदेश के गन्ना मंत्री सुरेश राणा ने कहा कि ये कानून किसी की नागरिकता नहीं लेगा। बल्कि ये नागरिकता देने वाला कानून है। वहीं, जिन लोगों को उकसाकर ये विरोध कराया गया है, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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बच्चे कहां से आए विस्तृत जांच हो : बालियान
सांसद व केंद्रीय पशुपालन मत्स्य राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान ने कहा कि किसी को उम्मीद नहीं थी कि ऐसा होगा। छोटे-छोटे बच्चे आ गए। कहां से लोग आए, किसने भड़काया और उनके दिमाग में कहां से ये बातें आई, इसकी विस्तृत जांच होनी चाहिए।
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