फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इन अमेरिकी फलों से किसानों की आय होगी दोगुनी, खासियत जानकर हो जाएंगे खुश

Mon, 05 Feb 2018 12:12 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, मोहित कुमार, मेरठ
विज्ञापन
वैज्ञानिकों द्वारा विकसित की गई अमेरिकी फल वेलेंशिया ऑरेंज वैराइटी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

वेस्ट यूपी के किसानों की आय दोगुना करने की ओर कदम बढ़ाते हुए कृषि वैज्ञानिक नई फसल प्रणाली किसानों को दे रहे हैं। वहीं नई वैराइटी भी उनकी आमदनी को दोगुना करने के लिए विकसित की जा रही है। इसी दिशा में कृषि वैज्ञानिकों ने अमेरिकी फल वेलेंशिया ऑरेंज की ऐसी वैराइटी विकसित की है जो वेस्ट यूपी के किसानों के लिए मुनाफे का सौदा हो सकती है।

विज्ञापन


फसल प्रणाली अनुसंधान परियोजना निदेशालय के वैज्ञानिकों ने बागवानी के माध्यम से किसानों की आय में इजाफा करने के उद्देश्य से फलों की विदेशी वैराइटी पर शोध किया। इसके लिए सेब, ड्रैगन रूट, एप्पल बेर और वेलेंशिया आरेंज पर शोध किया गया। इसके सकारात्मक परिणाम सामने आए। संस्थान ने वर्ष 2015 में वेलेंशिया आरेंज के पौधे अपने यहां शोध फार्म पर लगाए। इन पौधों में वेस्ट यूपी की जलवायु में आशा के अनुरूप वृद्धि हुई। पौध लगाने के एक साल बाद 2016 में इन पौधों में पुष्प आया और उसके बाद इस वर्ष एक पौधे से 40 फल प्राप्त हुए। यही नहीं जो फल यहां पौधों पर लगे उनकी मिठास में बढ़ोतरी दर्ज की गई। वैज्ञानिकों के मुताबिक मिठास बढ़कर 14 ब्रिक्स पायी गई जो अंतरराष्ट्रीय मानक के अनुरूप है। वैज्ञानिकों का कहना है कि विदेशी प्रजाति का यह फल यदि किसान अपने बागानों में लगाएं तो उन्हें इससे अतिरिक्त आय प्राप्त होगी।   

ये हैं खासियत
इस फल की खासियत है कि इस पर कोई बीमारी और कीट नहीं लगता। यह फल विदेशी होने के कारण बड़े मार्केट में ही मिलता है। यदि किसान इस फल को अपने यहां उगाएंगे तो उन्हें इसके अतिरिक्त दाम मिलेंगे। वैज्ञानिकों के मुताबिक फल में विटामिन सी पाया जाता है जो शरीर के अंदर रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है। इसके अलावा इस फल के पौधे पर्यावरण की दृष्टि से भी अच्छे होते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

किसानों को करेंगे जागरूक

किसान
आईआईएफएसआर के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. दुष्यंत मिश्रा के मुताबिक किसानों को परंपरागत खेती के साथ बागवानी पर भी ध्यान देना चाहिए। एक ही तरह की फसलों को न लेकर किसानों को फसलों के विविधीकरण पर जोर देना होगा। बताया कि किसानों को बागवानी के प्रति जागरूक करने के लिए उन्हें प्रशिक्षण दिया जाएगा। किसानों को बागवानी से होने वाले लाभ के बारे में जानकारी दी जाएगी। ऐसे फलों के उत्पादन पर फोकस किया जाएगा जिनमें रोग आदि लगने का अंदेशा कम रहता है और बाजार में अच्छे दाम मिलते हैं।

बेहतर परिणाम आ रहे सामने
निदेशक आईआईएफएसआर डॉ. एएस पंवार ने बताया कि वेस्ट यूपी के किसानों के लिए विभिन्न फलों पर काम किया जा रहा है। यह अमेरिका का फल है, लेकिन इस पर जो शोध किया गया है, उसके बेहतर परिणाम सामने आ रहे है, यहां के वातावरण के अनुसार भी सही है। इसके लिए किसानों को जागरूक किया जा रहा है।

शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें

https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें