अधिवक्ता की पत्नी ने फांसी लगाकर की आत्महत्या
गंगानगर। गंगानगर के जेएफ ब्लॉक में एक अधिवक्ता की पत्नी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामले की जानकारी ली। बाद में शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। प्रथम दृष्टया पुलिस की जांच में आत्महत्या के पीछे प्रेम प्रसंग का विवाद बताया जा रहा है।
गंगानगर जेएफ 198 में तोपखाना के मूल निवासी हरीश यादव पुत्र रमेश कुमार सपरिवार किराए पर रहते हैं। वह मेरठ कचहरी में अधिवक्ता सुनील कुमार राणा के साथ जूनियरशिप कर रहे हैं। 2011 में उनकी शादी दिल्ली निवासी सरिता पुत्री परमानंद से हुई थी। शनिवार सुबह दस बजे वह कचहरी के लिए निकले थे। दोपहर दो बजे मकान मालिक ने फोन पर उन्हें पत्नी द्वारा आत्महत्या किए जाने की सूचना दी। आनन-फानन में घर पहुंचे हरीश को 30 वर्षीय सरिता का शव पंखे पर लटका मिला। सूचना पर गंगानगर पुलिस व सीओ सदर देहात पूनम सिरोही ने मौके पर पहुंचकर मामले की जानकारी ली। पुलिस ने पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। उधर मौत की सूचना के बाद परिजनों में कोहराम मच गया।
दादा-दादी से मिलने गए बच्चे
जेएफ ब्लॉक में किराए के मकान में उनकी पत्नी सरिता यादव व उनके दो बच्चे दिव्यांशी और प्रियांशु साथ रहते हैं। हरीश ने बताया कि शनिवार व रविवार दो दिन के लिए दोनों बच्चे लोहियानगर में उनके दादा-दादी के पास चले जाते हैं।
मामला प्रेम प्रसंग का
पुलिस जांच में प्रथम दृष्टया प्रेम प्रसंग का मामला सामने आया है। इंस्पेक्टर बिजेंद्र राणा ने बताया कि सरिता का गुरुग्राम निवासी एक युवक से प्रेम प्रसंग चल रहा था। जिसके चलते अक्सर दंपत्ति में अनबन रहती थी। हरीश ने कुछ दिन पूर्व गंगानगर थाने में प्रेमी युवक के खिलाफ शिकायत की थी। बताया कि 2008 में सरिता की शादी हरियाणा निवासी एक युवक से हुई थी, लेकिन 2010 में उसने अपने पहले पति से तलाक ले लिया था तब भी तलाक का कारण गुरुग्राम निवासी युवक से प्रेम प्रसंग था। शनिवार को इसी मामले में दिल्ली निवासी परिजन उससे मिलने के लिए आने वाले थे, लेकिन उनके आने से पहले ही सरिता ने आत्महत्या कर ली।