पांच मूल्यांकन केंद्रों पर शुक्रवार को 46100 कॉपियों का मूल्यांकन हुआ। अब तक कुल 198143 कॉपियों का मूल्यांकन किया जा चुका है। आज भी मूल्यांकन में सिर्फ 49 फीसदी परीक्षकों ने ही भाग लिया। डीआईओएस ने केंद्रों के प्रधानाचार्यों से अनुपस्थित परीक्षकों का पूरा डाटा मांगा है। इनके खिलाफ कार्रवाई की बात कही जा रही है।
यूपी बोर्ड की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए मेरठ में पांच सेंटर बनाए गए हैं। इनमें राजकीय इंटर कॉलेज, एसडी इंटर कॉलेज सदर, सेंट जोजफ इंटर कॉलेज, केके इंटर कॉलेज और राम सहाय इटर कॉलेज शामिल हैं। पांचों सेंटरों पर 521526 में से शुक्रवार शाम तक 37.99 फीसदी 46100 कॉपियों का मूल्यांकन हो चुका है।
वहीं, पांचों सेंटरों पर 2788 शिक्षकों में से आज भी सिर्फ 1390 शिक्षकों ने भाग लिया। इस प्रकरण में डीआईओएस गिरजेश कुमार चौधरी का कहना है कि जो परीक्षक अनुपस्थित रहे हैं, उनका डाटा मांगा गया है। इन सभी के बारे में शासन को जानकारी भेजी जा रही है। ऐसे शिक्षकों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई के साथ ही वेतन कटौती भी की जाएगी।
सामाजिक विज्ञान में मूल्यांकन को करें संपर्क
सेंट जोजफ इंटर कॉलेज के उपनियंत्रक बाल कृष्ण शर्मा ने बताया कि उनके सेंटर पर सामाजिक विज्ञान विषय में परीक्षकों की कमी है। ऐसे में जो शिक्षक इच्छुक हैं वे शनिवार को उपनियंत्रक से संपर्क कर लें। इसके अलावा सेंटर पर अनुपस्थित शिक्षकों की सूची जिला विद्यालय निरीक्षक को सौंपी जा रही है। इसके अलावा कई दूसरे सेंटरों पर होम साइंस के परीक्षकों की कमी के कारण भी परेशानी हो रही है। अगर कोई शिक्षक-शिक्षिका इच्छुक हों तो वह उपनियंत्रकों से संपर्क कर सकते हैं।
राम सहाय में काली पट्टी बांधकर किया मूल्यांकन
राम सहाय इंटर कॉलेज में शिक्षकों ने काली बांधकर मूल्यांकन किया। शिक्षक शुरू से ही घर से मूल्यांकन कराने की मांग कर रहे थे। शिक्षिकाओं का कहना है कि लॉकडाउन में उनको आने में बड़ी परेशानी हो रही है। सरकार इस तरफ कोई ध्यान नहीं दे रही है।