सपा में सिंबल की लड़ाई पर चुनाव आयोग के फैसले के साथ ही जिले की पांच सीटों पर पार्टी प्रत्याशियों की तस्वीर लगभग साफ हो गई है। कैंट और दक्षिण सीट को छोड़कर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने जिले की पांच सीटों पर पहले ही प्रत्याशी घोषित कर दिए थे। माना जा रहा है कि इन दो सीटों पर अभी कांग्रेस से गठबंधन का इंतजार है। उधर, शहर सीट पर शिवपाल यादव की लिस्ट के प्रत्याशी अयूब अंसारी ने मैदान से हटने की घोषणा कर दी है।
साइकिल चुनाव चिह्न सोमवार को अखिलेश यादव को मिल गया। उधर, इस रार से पहले यहां सपा की जो लिस्ट जारी हुई थी, उसे प्रदेश अध्यक्ष बनते ही शिवपाल यादव ने बदल दिया था। सरधना से अतुल प्रधान की जगह मैनपाल सिंह उर्फ पिंटू राणा को उम्मीदवार घोषित किया था। जबकि, कैंट से परविंदर सिंह ईशु को हटाकर आरती अग्रवाल को टिकट दिया था। शहर सीट से रफीक अंसारी के बजाय अयूब अंसारी को मैदान में उतारा था। बाद में नहले पर दहला मारते हुए अखिलेश ने अपनी सूची जारी की तो उसमें सरधना से अतुल प्रधान और शहर सीट से रफीक अंसारी को प्रत्याशी घोषित किया। बाकी प्रत्याशी दोनों ही नेताओं की सूची में समान रहे। इनमें किठौर से कैबिनेट मंत्री शाहिद मंजूर, हस्तिनापुर से प्रभुदयाल वाल्मीकि और सिवालखास से गुलाम मोहम्मद शामिल हैं। अब साइकिल चुनाव चिह्न अखिलेश को मिला है तो यह माना जा रहा है कि अखिलेश की सूची के प्रत्याशी सपा से लड़ेंगे।
कैंट और दक्षिण पर कौन
अखिलेश यादव ने कैंट और दक्षिण सीट पर अभी प्रत्याशी नहीं घोषित किए हैं। जानकारों का कहना है कि इंतजार गठबंधन का है। कांग्रेस और रालोद से यदि गठबंधन हुआ तो यह सीट इन दोनों दलों में से किसी के खाते में जा सकती है। वैसे सपा की सूची में आदिल चौधरी को कैंट से प्रत्याशी बनाया गया था।
अखिलेश यादव हमारे नेता
साइकिल घर में ही रह गई यह बड़ी खुशी की बात है। मैं कोई ऐसा काम नहीं करूंगा, जो पार्टी विरोधी हो। अखिलेश यादव हमारे नेता हैं। मैं तो कई दिन पहले ही शहर के चुनावी मैदान से हट गया हूं। - अयूब अंसारी, सपा नेता
आयोग के फैसले का स्वागत
हम चुनाव आयोग के फैसले का स्वागत करते हैं। मैं मुलायम सिंह यादव और शिवपाल यादव के साथ हूं। मुझे क्या करना है, इस संबंध में अभी उनसे बात नहीं हुई है। उनका जो भी आदेश होगा, उसका पालन किया जाएगा। - पिंटू राणा, सपा नेता
मेरी आस्था भैया जी में
यह बहुत खुशी की बात है। अखिलेश यादव हमारे नेता हैं। कैंट सीट को लेकर उनका जो भी आदेश होगा, उसका पालन किया जाएगा। मैंने तो पहले ही कह दिया था कि टिकट मिले न मिले। निष्ठा भैयाजी में है। - परविंदर सिंह ईशु, सपा नेता