फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सहारनपुर: स्टेडियम में अभ्यास करने पहुंचे खिलाड़ी को मारी गोली, हालत गंभीर

Tue, 06 Aug 2019 12:47 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
विज्ञापन
मौके पर मौजूद पुलिस - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
यूपी के सहारनपुर जनपद में स्पोर्ट्स स्टेडियम में मंगलवार सुबह अभ्यास करने पहुंचे हैमर थ्रो के खिलाड़ी को गोली मार दी। गंभीर हालत में खिलाड़ी को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां से चिकित्सकों ने उसे मेरठ मेडिकल रेफर कर दिया है। 
विज्ञापन


मंगलवार को स्टेडियम में वॉलीबाल कोर्ट पर सेवानिवृत सूबेदार सोमप्रकाश खेल रहे थे, तो कोच अब्दुल अहद मैदान के दूसरे छोर पर खिलाड़ियों को अभ्यास करा रहे थे। तभी स्टेडियम के गेट से गोली चलने की आवाज आई, फिर दूसरा फायर हुआ, तो सूबेदार सोमप्रकाश दौड़कर गेट पर पहुंचे। वहां एक युवक पेट को पकड़े था और उसका खून बह रहा था। सोमप्रकाश ने उससे पूछा कि यहां गोली की आवाज कैसे हुई, तो युवक ने कहा कि ताऊ मुझे गोली मार दी, बचा लो।
 
सोमप्रकाश ने घायल यश से कहा कि अपने पेट पर हाथ लगाकर रखो, ज्यादा खून नहीं बहना चाहिए और घबराओ मत। इसके बाद सोमप्रकाश ने शोर मचाया, तो कोच अब्दुल अहद के अलावा स्टेडियम के दफ्तर में मौजूद कर्मी शिवनंदन और अन्य लोग भी वहां आ गए, लेकिन तब तक हमलावर अपनी कार लेकर अंबाला रोड की तरफ से देहरादून रोड की तरफ फरार हो गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसके बाद सोमप्रकाश स्टेडियम गेट से बाहर आए, तो तभी एक उपनिरीक्षक और सिपाही वहां आ गए। सिपाही की बाइक पर घायल यश को बैठाकर अस्पताल पहुंचाया गया। घायल यश को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाने के मददगार बने शहर के दुर्गापुरी कॉलोनी निवासी सोमप्रकाश की स्टेडियम के लोगों ने सराहना की। प्रभारी क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी प्रेम कुमार, कोच लाल धर्मेंद्र प्रताप सहित अन्य लोगों ने भी जिला अस्पताल पहुंचकर घायल एथलीट यश का हाल जाना। सोमप्रकाश ने बताया कि युवक का बैग भी गेट के बाहर पड़ा रह गया था, हमलावरों के जाने के बाद वह बैग उठाकर लाए और उसमें से युवक के मोबाइल फोन के जरिये परिजनों को सूचना दी थी। 

स्टेडियम पर नहीं सुरक्षा का कोई इंतजाम 
डॉक्टर भीमराव आंबेडकर स्टेडियम में रोजाना सैकड़ों खिलाड़ी अभ्यास करने पहुंचते हैं। इनमें लड़कों के साथ ही लड़कियां भी शामिल रहती हैं। स्टेडियम में सुरक्षा को लेकर कोई इंतजाम नहीं है। गेट पर सुरक्षा गार्ड तक नहीं है और सीसीटीवी भी नहीं लगाया गया है। यदि स्टेडियम के गेट पर सीसीटीवी लगा होता, तो मंगलवार सुबह वारदात को अंजाम देने वालों की आसानी से पहचान हो सकती थी। 

चार बजे खोला गेट, खिलाड़ी करते रहे इंतजार 
मंगलवार सुबह स्टेडियम के गेट पर गोली मारने की वारदात होने के बाद अधिकारियों ने स्टेडियम में अभ्यास करने आने वालों के लिए सख्ती शुरू कर दी। रोजाना तो स्टेडियम का गेट तीन बजे से ही खोल दिया जाता था, लेकिन मंगलवार को अपराह्न चार बजे खोला गया। इस कारण तीन बजे से स्टेडियम में अभ्यास करने पहुंचे युवा गेट के बाहर ही खड़े इंतजार करते रहे।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें