मेरठ। वसंत पंचमी के दिन से ठंड की विदाई शुरू हो जाती है, लेकिन शुक्रवार को मौसम का मिजाज उलटा रहा। मौसम बदला जरूर लेकिन गर्मी के एहसास की जगह फिर से ठंड लौट आई। दिनभर चली बादलों की अठखेलियां आखिरकार शाम को बरस पड़ी। गरज के साथ बौछार पड़ी और पूर शहर भीग गया। परीक्षतगढ़ के गोकुलपुर में ओलावृष्टि हुई। 11 हजार केवी की लाइन पर आकाशीय बिजली गिरी। हालांकि नुकसान किसी को नहीं हुआ। अगले दो दिन भी बारिश की संभावना है। ठंड को हल्के में लेना स्वास्थ्य के नुकसानदेह साबित हो सकता है।
फरवरी में मौसम कई रंग बदल चुका है। पहले सप्ताह में 49.7 मिमी बारिश होने से ठंड ने तेवर तीखे किए। दूसरे सप्ताह में तापमान चढ़ना शुरू हुआ और यह 25 डिग्री सेल्सियस के पार चला गया। लोग हाफ स्वेटर में आ गए। पर शुक्रवार को एक बार फिर मौसम ने करवट बदली। सुबह से ही बादल घुमड़ने ने लगे। दिन में हल्की बूंदाबांदी हुई। शाम के वक्त बादल गरजे और बरसने लगे। बारिश के चलते दिन के तापमान में करीब साढ़े तीन डिग्री की गिरावट आई और यह 25.7 से घटकर 22 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। न्यूनतम तापमान भी 11.1 से घटकर 10.9 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। आर्द्रता अधिकतम 90 प्रतिशत और न्यूनतम 57 प्रतिशत मापी गई। हवा उत्तर पूर्व दिशा में अधिकतम छह किमी प्रति घंटा की रफ्तार से चली।
ऐसे हुई बारिश
मेरठ कॉलेज में भूगोल विभागाध्यक्ष डॉ. कंचन सिंह के मुताबिक पिछले एक सप्ताह से दिन के तापमान में अप्रत्याशित बढ़ोतरी हुई थी। हवा में नमी सामान्य से ज्यादा थी। इस वजह से लो प्रेशर बना। पूरे पश्चिम उत्तर प्रदेश में इस वक्त लो प्रेशर बना हुआ है। अगले दो दिन बारिश की संभावना है। तापमान में गिरावट आएगी। सर्दी में बच्चे और बुजुर्गों का खास ध्यान और युवाओं को सावधानी बरतने की जरूरत है।