फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

92 सेक्टर मजिस्ट्रेट रखेंगे 479 ग्राम पंचायतों पर नजर

विज्ञापन
विज्ञापन
92 सेक्टर मजिस्ट्रेट रखेंगे 479 ग्राम पंचायतों पर नजर
विज्ञापन

मेरठ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश के बाद गांव स्तर पर कोरोना संक्रमण की स्थिति पर नजर रखने के लिए 92 सेक्टर मजिस्ट्रेटों की तैनाती कर दी गई है। ये सेक्टर मजिस्ट्रेट 479 ग्राम पंचायतों की निगरानी करेंगे। मुख्य विकास अधिकारी शशांक चौधरी की ओर से इस बाबत आदेश जारी किए गए हैं। इन अधिकारियों में ब्लॉक स्तर पर तैनात सीडीपीओ, बीडीओ सहित अन्य को लगाया गया है। गांव की गली-गली में जाने वाली निगरानी समितियों के कार्यों की समीक्षा भी सेक्टर मजिस्ट्रेट ही करेंगे।
रविवार को मेरठ दौरे पर आए मुख्यमंत्री ने बैठक में सबसे पहले निगरानी समितियों को ही गांव स्तर पर मजबूत करने के निर्देश जिलाधिकारी के बालाजी को दिए थे। इसके बाद एक ही दिन में सेक्टर मजिस्ट्रेट तय कर दिए गए हैं। इनके लिए एक प्रारूप भी तैयार किया गया है। रोजाना ब्लॉक स्तर पर बैठक करने के बाद इसे भरकर जिला स्तर पर वॉट्सएप के माध्यम से अपडेट कराना होगा।
विज्ञापन

इस प्रारूप के माध्यम से पता चल सकेगा कि निगरानी समिति द्वारा किए गए कार्यों पर कितना अमल किया जा रहा है। वहीं, गांव की गली-गली में बुुखार वाले मरीज को भी तुरंत क्वारंटीन करना होगा। बिजौली में एएनएम से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने यह बात कही थी। जिले की 479 ग्राम पंचायतों में इतनी ही निगरानी समितियां हैं।
विज्ञापन

---
अब ग्रामीणों के लिए जारी हुए हेल्पलाइन नंबर
मेरठ। कोरोना संक्रमण के दौरान आ रही समस्याओं को लेकर ग्रामीणों के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। कमिश्रर के प्रयास से इंटीग्रेटेड कोविड कमांड सेंटर को दो मोबाइल फोन नंबर 7819061232 तथा 7819052655 उपलब्ध कराए गए हैं। इनके माध्यम से ग्रामीण संपर्क कर सकेंगे। जिलाधिकारी के बालाजी ने ग्रामीण जनता से अपील है कि यदि किसी व्यक्ति में कोविड-19 के लक्षण जैसे गले में खराश होना, बुखार होना, लगातार खांसी आना तथा सांस लेने में परेशानी महसूस होने की स्थिति दिखती है तो उसकी सूचना तत्काल हेल्पलाइन वाले नंबरों पर दी जाए ताकि कमांड सेंटर के माध्यम से स्वास्थ्य विभाग की टीम भेजकर सही परामर्श और चिकित्सा दिलाई जा सके। पीड़ित मिलने वाले मरीजों को दवाओं की किट भी दी जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें