अमर उजाला ब्यूरो
माछरा। पुलिस एवं परिवहन अधिकारियों की उदासीनता के चलते मेरठ-गढ़ मार्ग पर ओवरलोड गन्ना लदा ट्रैक्टर-ट्रॉला एवं ट्रक दौड़ रहे हैं। इनसे आए दिन हादसे होते रहते हैं। इसके बावजूद इन्हें रोकने वाला कोई नहीं है। ओवरलोड वाहनों को लेकर हल्के वाहन चालकों में रोष है।
गन्ने का सीजन शुरू होते ही मेरठ-गढ़ मार्ग पर ट्रैक्टर-ट्रॉला एवं ट्रक क्षमता से अधिक लोड लेकर बेरोकटोक नंगलामल शुगर मिल जा रहे हैं। इनसे आवागमन प्रभावित होता है। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस चौकी मऊखास एवं हसनपुर कदीम तथा किठौर थाने के सामने से ओवरलोड वाहन दिनभर गुजरते हैं। पुलिस उन्हें टोकना गवारा नहीं समझती है। ये नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं। ओवरलोड वाहनों से सड़क क्षतिग्रस्त हो गई है।
किठौर, मुंडाली पुलिस की उदासीनता का भी यही हाल है। ओवरलोड वाहन पलटने से हादसा हो जाता है। इस पर पुलिस कुछ दिन के लिए इनका संचालन बंद करा देती है। पुलिस इन वाहनों को बेखौफ दौड़ने की अनुमति देकर लोगों की सुरक्षा से खिलवाड़ कर रही है। माछरा-मेरठ गढ़ मार्ग पर पसवाड़ा, अमरपुर मार्ग पर मेरठ-गढ़ मार्ग पर, मुंडाली-खरखौदा मार्ग पर ट्रैक्टर-ट्रॉले एवं ट्रक लोगों के लिए मुसीबत का सबब बने हुए हैं। इस संबंध में संभागीय परिवहन विभाग अधिकारी भी कुछ नहीं करते हैं। ग्रामीण प्रमोद कुमार, सुनील कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर ओवरलोड वाहनों पर रोक लगाने की मांग की है।
मुख्य बातें
पुलिस एवं परिवहन विभाग के अधिकारियों की उदासीनता पड़ रही भारी