फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सीएचओ को फटकार, निलंबन की सख्त चेतावनी

विज्ञापन
विज्ञापन
मेरठ। शहर में पसरी गंदगी और नगर स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) की कार्यप्रणाली से नाराज कमिश्नर अनीता सी. मेश्राम ने सख्त रुख अपना लिया है। बुधवार को उन्होंने सीएचओ डॉ. कुंवर सेन को तलब कर चेतावनी दे दी कि अगर आपके खिलाफ शासन को लिख दिया तो निलंबन से कोई नहीं बचा पाएगा। दो टूक कहा कि अपनी कार्यप्रणाली और शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार करो, नहीं तो कार्रवाई के लिए तैयार रहो।
विज्ञापन

शहर में पसरी गंदगी किसी से छुपी नहीं है। न तो सभी वार्डों में सफाई कर्मचारी पहुंच रहे हैं और न ही कूड़ा उठ रहा है। जनता, पार्षद, जनप्रतिनिधि और अधिकारियों की शिकायत है कि नगर स्वास्थ्य अधिकारी न तो शहर में निकलते हैं और न ही किसी की कॉल रिसीव करते हैं। दो अगस्त को नगर निगम कार्यकारिणी की बैठक में भी सदस्यों ने सीएचओ को घेरा था। अब जनता की शिकायत कमिश्नर अनीता सी. मेश्राम के दरबार पहुंच गयी है।
बुधवार को कमिश्नर ने सीएचओ को तलब कर लिया। शहर की सफाई में लापरवाही बरतने पर जमकर फटकार लगायी। साथ ही चेतावनी दी कि वह अपनी कार्यप्रणाली में सुधार करें। शहर में गंदगी की सबसे बड़ी समस्या है। कोई काम नहीं किया जा रहा है। कोई निगरानी नहीं हो रही है। सभी वार्डों में बीटवार सफाई कर्मचारी लगाए जाएं। 15 अगस्त से पहले सफाई व्यवस्था दुरुस्त कर ली जाए। स्वतंत्रता दिवस पर पूरे शहर में विशेष रूप से सफाई हो और चूना पट्टी खींची जाए।
विज्ञापन

शिकायत लगातार, सुधार शून्य
शहर की नियमित सफाई न होने, जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे होने और सीएचओ डॉ. कुंवर सेन के रवैये से जिलाधिकारी और नगरायुक्त भी खुश नहीं हैं। सीएचओ के खिलाफ पहले भी जिला प्रशासन और निगम प्रशासन की तरफ से शासन को शिकायत की जा चुकी है। तत्कालीन कमिश्नर डॉ. प्रभात कुमार भी सीएचओ को नसीहत दे चुके हैं। लेकिन सीएचओ की कार्यप्रणाली और शहर की सफाई व्यवस्था में कोई सुधार नहीं हुआ।
विज्ञापन

खास बातें:
- शहर में पसरी गंदगी और नगर स्वास्थ्य अधिकारी की कार्यप्रणाली से कमिश्नर नाराज
- कमिश्नर ने तलब कर कहा, शासन को लिख दिया तो निलंबन से कोई नहीं बचा पाएगा
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें