अंतरिम बजट को बताया धोखा, भाजपा को खूब कोसा
मेरठ। पार्टी कार्यालय पर शनिवार को हुई सपा की मासिक बैठक में सपाइयों ने भाजपा को खूब कोसा गया। अंतरिम बजट को धोखा और भाजपा के आगामी संकल्प कैंप को माहौल खराब करने वाला बताया। वहीं, पार्टी की आपसी कलह भी उभरकर आई। बैठक में मुद्दा उठाया गया कि किसानों का गन्ना भुगतान अभी तक नहीं होने, उनकी अर्जित भूमि के मुआवजे का वितरण न होने और छूटे आवारा पशुओं की समस्या का अभी तक निदान नहीं हुआ है। सूरजकुंड रोड पशुशाला में कई गायों के भूख के कारण मरने पर निंदा प्रस्ताव रखा गया। स्कूलों कॉलेजों में छात्राओं की सुरक्षा की कोई समुचित व्यवस्था न होने पर रोमियो स्क्वायड के सक्रिय न होने पर निंदा की। बैठक में सरकार द्वारा लागू किए गए 13 प्वाइंट आरक्षण रोस्टर प्रणाली की निंदा की। गठबंधन के होने वाले लोकसभा चुनाव 2019 के संयुक्त प्रत्याशी को भारी मतों से जिताने केलिए कार्यकर्ताओं ने संकल्प लिया। बैठक में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव और बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती के गठबंधन करने पर दोनों को धन्यवाद दिया गया। बैठक में अलीगढ़ की औरंगाबाद में हिंदू महासभा एवं आरएसएस कार्यकर्ताओं द्वारा राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के पुतले पर गोली चलाने की भर्त्सना की और कहा कि यह उनकी देशद्रोह की मानसिकता दर्शाता है। अध्यक्षता जिलाध्यक्ष राजपाल सिंह और संचालन महानगर अध्यक्ष आदिल चौधरी ने किया। शहर विधायक रफीक अंसारी, पूर्व जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह, पूर्व अध्यक्ष गोपाल अग्रवाल, रिहानुद्दीन, नेहा गौड़, अनिता मिलन, मृदुला यादव, चैतन्य देव स्वामी, मुमताज, शशिकांत गौतम, आदिल सिद्दीकी, सरताज कुरैशी और जितेंद्र गुर्जर आदि रहे।
जयवीर सिंह पर कसा तंज
बैठक में पूर्व जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह पर आरएसएस के कार्यक्रम में जाने का तंज कसा गया। उन्होंने तंज कसने वाले महामंत्री विजय पाल सिंह के ढाई घंटे बाद बैठक में आने पर चुटकी ली। इस दौरान दोनों तरफ से खूब बहस हुई। एक-दूसरे पर शब्दों के बाण चलाए गए। दरअसल, बैठक में चर्चा हो रही थी कि पश्चिम उत्तर प्रदेश में आगामी 8, 9 और 10 फरवरी को आरएसएस संकल्प कैंप लगाने जा रही है। इससे माहौल खराब होना बताते हुए इसकी निंदा की गई। कहा गया कि इसका समाजवादियों को तार्किक रूप से मुकाबला करना है। इस पर सपा केमहामंत्री विजय पाल सिंह बोले कि इस बारे में पूर्व जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह बेहतर बता सकते हैं, क्योंकि वह आरएसएस के कार्यक्रम में जा चुके हैं। इस पर जयवीर सिंह नाराज हो गए। उन्होंने कहा कि आरएसएस के कार्यक्रम का इस तरह मुकाबला कैसे किया जाएगा, जब 10 बजे की बैठक में महामंत्री साढ़े 12 बजे आ रहे हैं। आरएसएस के कार्यक्रम में जाने का प्राश्यचित वह अब भी कर रहे हैं। इस पर एक पार्षद ने कहा कि आरएसएस वाले तो गरीबों के घरों का खाना खा लेते हैं, जबकि यहां तो गरीबों को अलग-थलग किया हुआ है। सपा जिलाध्यक्ष राजपाल सिंह ने दोनों पक्षों को समझाया और एजेंडे पर बात करने को कहकर मामला शांत किया।