आस्था, विश्वास से अपनाया धर्म ही फलदायक
अमर उजाला ब्यूरो
हस्तिनापुर। विश्व की सुख, शांति, समृद्धि के लिये आयोजित 48 दिवसीय भक्तामर विधान एवं पाठ के 27 वें सौधर्म इंद्र संजय जैन ने भगवंतों का स्वर्ण कलश से अभिषेक व पूजा अर्चना कर पाठ की शुरूआत की। सुनीता दीदी के निर्देशन में शांतिधारा करने का सौभाग्य शिखरचंद जैन, पुष्पेंद्र जैन अंकुश जैन, गर्वित जैन को प्राप्त हुआ। शुक्रवार को विधान के मध्य विभिन्न प्रांतों से आये 121 परिवारों ने पाठ में हिस्सा लेकर पुण्य संचय किया।
शुक्रवार को विधान के मध्य आयोजित धर्मसभा में गुरुवर श्री ने कहा कि हम धर्म को अक्सर जानकारी, भय, दबाव व अन्य अनेकों कारणों से अपनाते हैं, जो कल्याणकारी नहीं होता। धर्म को अपनाना ही है तो आस्था व विश्वास से अपनाना। श्रद्धा व आस्था का दीप तुम्हें जलाना होगा। विश्वास की जमीन पर तुम्हें बढ़ना होगा। तभी वह भक्ति फल देने वाली होगी। देर शाम 48 दीपकों द्वारा मंगल आराधना के उपरांत विधान का विसर्जन मधु जैन, पंच परमेष्ठी की आरती का दीपक प्रज्ज्वलन शोभा जैन, पुष्पेंद्र जैन, आदिनाथ भगवान की आरती का दीप प्रज्ज्वलन विनोद जैन, चौबीसों भगवान की आरती का दीप प्रज्ज्वलन सुनीता दीदी द्वारा किया गया। मुकेश जैन, मनोज जैन, राजीव, सुभाष, प्रेम, अशोक, अतुल, उमेश जैन, अध्यक्ष विनोद जैन, मुकेश जैन, सुनील जैन, मोतीलाल जैन, शशांक जैन, जेसी जैन का विशेष सहयोग रहा।