24 फरवरी से जिले में नहीं घुसेंगे भारी वाहन
मेरठ।
जागृति विहार विस्तार योजना पर होने वाले राष्ट्रोदय कार्यक्रम को लेकर ट्रैफिक पुलिस ने डायवर्जन प्लान तैयार कर दिया है। एसपी ट्रैफिक संजीव बाजपेयी ने पुलिस के उच्च अधिकारियों और मेरठ की सीमा से सटे सभी जिलों के कप्तानों को भी पत्र लिखा है। एसपी ट्रैफिक के अनुसार डायवर्जन व्यवस्था 24 फरवरी की दोपहर 12 से लागू कर दी जाएगी। 25 फरवरी की रात्रि 12 बजे तक मेरठ की सीमा में किसी प्रकार के भारी वाहनों को नहीं घुसने दिया जाएगा। भारी वाहनों में ट्रक, कैंटर, ट्राले, टैंकर और अन्य सभी मालवाहक वाहन शामिल रहेंगे। मेरठ को जोड़ने वाले मुख्य मार्गों के लिए ट्रैफिक पुलिस का ड्यूटी प्लान बना दिया गया है। सभी जिलों के पुलिस कप्तानों को लिखा गया है कि डायवर्जन के दौरान दूसरे जिलों से भारी वाहन अपने ही जिलों में रोक दिए जाए।
ये रहेगी व्यवस्था
हापुड़ व बुलंदशहर की तरफ से किसी भी प्रकार के भारी वाहन को नहीं आने दिया जाएगा। ऐसे सभी वाहनों को धीरखेड़ा पुलिस चौकी से डायवर्ट कर वापस हापुड़ की तरफ डायवर्ट कर दिया जाएगा।
दिल्ली-गाजियाबाद की तरफ से एनएच-58 पर मेरठ की तरफ कोई भी भारी वाहन नहीं आने दिया जाएगा। मोहिउद्दीनपुर से ऐसे वाहनों को जिले की सीमा में नहीं घुसने दिया जाएगा।
गढ़ की तरफ से आने वाले भारी वाहनों को शाहजहांपुर और किठौर में बैरियर लगाकर रोका जाएगा।
बिजनौर की तरफ से आने वाले भारी वाहनों को रामराज से मेरठ की तरफ नहीं आने दिया जाएगा।
मुजफ्फरनगर की तरफ से आने वाले वाहनों को खतौली बॉर्डर पर ही रोक दिया जाएगा।
बागपत की तरफ से आने वाले वाहनों को जिले की सीमा से ही वापस डायवर्ट कर दिया जाएगा।
शामली की तरफ से भी जिले में कोई वाहन नहीं आने दिया जाएगा।
90 मीटर की बनाई गई डी
पुलिस अफसरों के अनुसार, कार्यक्रम में करीब तीन लाख कार्यकर्ता पहुंचने का अनुमान है। जिनमें करीब पांच हजार बसें और निजी वाहनों से कार्यकर्ता पहुंचेंगे। पुलिस अफसरों का दावा किया है कि इतना ऊंचा मंच किसी भी कार्यक्रम में नहीं बनाया। मंच की ऊंचाई 35 फीट है। मंच की ऊंचाई की अलग से लिफ्ट लगाने का काम शुरू किया जा रहा है। मंच की डी 90 मीटर की बनाई गई है, मंच से 90 मीटर दूरी तक किसी को भी नहीं आने जाने दिया जाएगा। मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में मंच की डी 45 फीट ही बनाई जाती है। मंच पर दो एडिशनल एसपी के अलावा एटीएस और स्पेशल कमांडो तैनात रहेंगे। आरएएफ, पीएसी और पुलिस समेत 5500 पुलिसकर्मी ड्यूटी में तैनात रहेंगे। नौ रास्तों से कार्यक्रम स्थल पर पहुंचा जा सकेगा। जिसके लिए नौ ही पार्किंग बनाई गई हैं।
रविवार होने से मिली राहत
कार्यक्रम रविवार को है, जिसकी वजह से पुलिस प्रशासन कुछ राहत महसूस कर रहा है। दरअसल रविवार को स्कूल कॉलेजों में अवकाश रहता है। सरकारी दफ्तर भी बंद रहते हैं ऐसे में सड़कों पर वाहनों का दबाव कम रहता है। जो ट्रैफिक व्यवस्था के लिहाजा से काफी बेहतर है।
पांच हजार स्वयं सेवक भी संभालेंगे ट्रैफिक व्यवस्था
राष्ट्रोदय कार्यक्रम के दौरान पुलिस और पांच हजार स्वयं सेवक शहर की ट्रैफिक व्यवस्था की कमान संभालेंगे। वहीं पुलिस ने बाहरी जनपदों से भी ट्रैफिक पुलिस के 250 अधिकारी और सिपाही बुलाए हैं, जिनमें तीन, एएसपी, नौ सीओ, आठ टीआई, 25 टीएसआई और 200 कांस्टेबल शामिल होंगे। वहीं पांच हजार स्वयं सेवक ट्रैफिक, पार्किंग आदि व्यवस्थाएं बनाने में लगाए गए हैं। ये पुलिस का पूरा सहयोग करेंगे।