राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पश्चिमी क्षेत्र का 25 फरवरी 2018 को क्रांतिधरा मेरठ में महासमागम होगा। इसके लिए आज यानी रविवार को जागृति विहार एक्सटेंशन में भूमि पूजन होगा। खास बात यह है कि भूमि पूजन के लिए करीब 20 हजार स्वयंसेवक जुट रहे हैं।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के ‘राष्ट्रोदय’ कार्यक्रम में एक अनूठा विश्व रिकॉर्ड बनेगा। रिकॉर्ड की साक्षी बनेगी मेरठ की क्रांतिधरा। क्योंकि इस कार्यक्रम में आरएसएस के ढाई लाख स्वयंसेवक एक से गणवेश में न केवल एकत्र होंगे, बल्कि बड़े मैदान में एक साथ शारीरिक, व्यायाम आदि के बीच सामूहिक गान प्रस्तुत करेंगे। संघ का इससे बड़ा स्वयंसेवक एकत्रीकरण आज तक नहीं हुआ है।
पुणे में एकत्र हुए थे डेढ़ लाख
संघ का सबसे बड़ा स्वयंसेवक एकत्रीकरण पिछले साल पुणे में हुआ था। 3 जनवरी 2016 को हुए इस आयोजन में एक गणवेश में डेढ़ लाख स्वयंसेवक एक मैदान में एकत्र हुए थे। यदि उत्तर प्रदेश के साथ-साथ मेरठ की बात की जाये तो यहां पर सबसे बड़ा स्वयंसेवक एकत्रीकरण 1998 में गंगानगर में हुआ था, जिसमें मेरठ प्रांत के 51 हजार स्वयंसेवक उपस्थित हुए थे। लेकिन इस बार मेरठ में होने वाला आयोजन संघ का अब तक का सबसे बड़ा स्वयंसेवक एकत्रीकरण होगा।
एक गणवेश में इतनी संख्या होगी रिकॉर्ड
यूं तो कई संगठनों के आयोजनों में ढाई लाख से ज्यादा की संख्या उपस्थित रही है। लेकिन एक ही गणवेश (ड्रेस कोड) में ढाई लाख लोग अभी तक कहीं इकट्ठा नहीं हुए हैं। इसलिए इस दृष्टि से यह एक नया रिकार्ड बनने जा रहा है।
35 फीट ऊंचा बनेगा मंच, लगेगी लिफ्ट
‘राष्ट्रोदय’ का स्वयंसेवक समागम 1300 मीटर लंबे, 900 मीटर चौड़े मैदान में होगा। जिसमें 2.50 लाख स्वयंसेवक जमीन पर बैठेंगे। स्वयंसेवकों को आरएसएस के सरसंघ चालक मोहनराव भागवत संबोधित करेंगे। कार्यक्रम स्थल पर 35 फीट ऊंचा मंच बनाया जा रहा है। इस मंच पर पहुंचने के लिए सीढ़ियां नहीं बल्कि लिफ्ट लगाई जाएगी।