मेरठ। 13 साल की बेटी बीमार चल रही थी। तबियत खराब देख मां ने उसकी भलाई के लिए उसे रोजा रखने से मना कर दिया। मां की ये बात बेटी को इतनी नागवार गुजरी कि उसने बाथरूम में फांसी लगाकर अपनी जान दे दी।
ब्रह्मपुरी थानाक्षेत्र के खुशहाल नगर निवासी अमीरूद्दीन की 13 साल की बेटी सानिया कुछ दिनों से बीमार थी। बुधवार को उसकी तबियत ठीक नहीं थी। इस कारण उसकी मां मुस्कान ने सानिया को रोजा रखने से मना कर दिया। इस बात से वो नाराज हो गई। कुछ देर बाद सानिया के माता-पिता किसी काम से कचहरी चले गए । उनकी अनुपस्थिति में सानिया ने मौत को गले लगा लिया। सूचना पर ब्रह्मपुरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटना की जानकारी ली। इंस्पेक्टर ब्रह्मपुरी सतीश राय के अनुसार परिजनों ने बताया है कि मां के रोजा रखने से मना करने की वजह से सानिया से नाराज होकर ये कदम उठाया है। ये आत्महत्या का मामला है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
बहाने से गई थी बहन
पुलिस के अनुसार सानिया की छोटी बहन हिना ने बताया कि मम्मी-पापा के जाने के बाद सानिया ने कहा कि वो नहाने जा रही है। लेकिन काफी देर बाद भी उसके बाहर न आने पर उसने अंदर जाकर देखा तो सानिया फांसी पर लटकी हुई थी। उसने फोन पर पिता को इसकी जानकारी दी। उन्होंने घर आकर उसके शव को उतारा और पुलिस को घटना की सूचना दी। वहीं, सानिया के माता-पिता का रो रोकर बुरा हाल था। कह रहे थे कि उन्हें नहीं पता था कि बेटी इतना बड़ा कदम उठा लेगी, पता होता तो वे घर से नहीं जाते। कॉलोनी में रोजा इफ्तारी के समय मायूसी सी छायी रही।
खास बातें:
बाथरूम में फांसी लगाई, ब्रह्मपुरी की खुशहाल नगर में हुई घटना