फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शोरूम कर्मी के परिजनों को कोर्ट ने दी जमानत

विज्ञापन
विज्ञापन
बागपत।
विज्ञापन

बड़ौत में शोरूम कर्मी विक्रम सिंह की हत्या के गलत खुलासे का आरोप लगाकर एसपी दफ्तर पर एडीजी के सामने हंगामा करने वाले मृतक के पांच परिजनों को पुलिस ने न्यायालय में पेश किया। कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी। इस मामले में चार आरोपी फरार हैं। परिजनों ने कहा कि जब तक इंसाफ नहीं मिलेगा, तब तक लड़ाई लड़ते रहेंगे। पुलिस के ऊपर से उनका विश्वास उठ गया है। पुलिस पर शोरूम मालिक से मिले होने का आरोप लगाया।
शनिवार को एसपी कार्यालय में शनिवार को बड़ौत में हैवल्स शोरूम में 30 अप्रैल की रात में हुई लूट और कर्मचारी विक्रम सिंह की हत्या का एडीजी प्रशांत कुमार, आईजी राम कुमार ने खुलासा किया। जबकि दोनों अधिकारी वापस चलने के लिए बाहर आए तो मृतक की मां कमला देवी, बहन आशा, भाई सत्यवीर, अजीत व तेहरे भाई अर्जुन एडीजी की गाड़ी के सामने खड़े हो गए। मृतक की बहन आशा ने एडीजी के सामने केरोसिन छिड़क कर आत्मदाह की कोशिश की। उन्होंने पुलिस पर गलत खुलासा करने का आरोप लगाया। एडीजी व आईजी पीड़ित परिवार का दर्द सुने बिना ही लौट गए थे। इसके बाद परिजनों ने पुलिस कर्मियों से हाथापाई की । परिजन शोरूम मालिक पर ही हत्या करने का आरोप लगा रहे । मुठभेड़ को फर्जी बताया।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोतवाली बागपत में एसआई करनवीर सिंह ने शोरूम कर्मी विक्रम की मां कमला देवी, बहन आशा, भाई सत्यवीर, अजीत एवं तेहरे भाई अर्जुन, छपरौली के पूर्व चेयरमैन वीरेंद्र, राम रहीम सेवा दल के मंडल अध्यक्ष सतीश तोमर, अनीस जौहड़ी, राजीव फौजी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने मां, बहन, भाइयों को गिरफ्तार । रविवार को पुलिस ने मृतक के पांच परिजनों को न्यायालय में पेश किया। कचहरी जाते समय परिजन बोले कि जब तक उन्हें इंसाफ नहीं मिलेगा, वे लड़ाई लड़ते रहेंगे। पुलिस पर शोरूम मालिक से मिले होने का आरोप लगाया। जिले की पुलिस पर उनका भरोसा नहीं रहा है। अब पूर्व चेयरमैन सहित चार आरोपी फरार हैं। कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी। एएसपी रण विजय सिंह ने बताया कि पांच आरोपियों को कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी। फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें