आधार कार्ड से लिंक नहीं करने पर तहसील क्षेत्र के उपभोक्ता बेदखल किए
सरधना। तहसील क्षेत्र में जिन राशन कार्ड धारकों ने राशन कार्ड के साथ आधार कार्ड लिंक नहीं कराया उनके राशन कार्ड निरस्त कर दिए गए है। जिसमें तहसील क्षेत्र के 111 गांव के करीब दस हजार राशन कार्डों को निरस्त कर दिए हैं। राशन कार्डों को गलत तरीके से निरस्त करने का दावा करते हुए राशन डीलरों ने सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइन के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में राशन कार्ड निरस्त करना अनुचित है। अभी राशन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक कराने की समय बढ़ानी चाहिए। जिससे पात्रों को आधार कार्ड जमा नहीं होने की सूरत में उसका राशन कार्ड की सूची से नाम काट दिया जाए।
सरधना तहसील क्षेत्र में 111 गांव हैं, जिनमें करीब 192 राशन की दुकानें हैं। इन राशन की दुकानों पर एक लाख 13 हजार 643 राशन कार्ड बने हुए थे। जिन राशन कार्डों से आधार कार्ड लिंक नहीं कराया ऐसे दस हजार राशन कार्डों को निरस्त कर दिया गया है। वहीं, राशन डीलरों का कहना है, कि कुछ राशन कार्डों को आधार से लिंक नहीं कराया गया। वहीं, कुछ से लिंक करा दिया गया था, लेकिन बिना किसी जांच के राशन कार्डों को बडे़ स्तर पर निरस्त कर दिया गया है। इस मामले में सरधना सरकारी गल्ला यूनियन के तहसील अध्यक्ष मेहराजुद्दीन ने इन राशन कार्डों को गलत तरीके से काट दिए जाने का बात कही और निरस्त कार्डों को दोबारा से चालू कराने की बात कही। मेहराजुद्दीन का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट की भी गाइड लाइन है कि राशन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक किया जाए। बिना आधार कार्ड से लिंक राशन कार्ड को निरस्त नहीं किया जा सकता। सुप्रीम कोर्ट की गाइड लाइन को दरकिनार करके एक साथ तहसील क्षेत्र में सत्तर हजार से अधिक राशन कार्ड निरस्त कर दिए गए हैं। जिसमें तहसील क्षेत्र में 111 गांव व चार कस्बे हैं। जिनमें एक लाख तेरह हजार छह सौ 43 राशन कार्ड थे। अब 10 हजार राशन कार्ड निरस्त होने के बाद 104 हजार 770 शेष बचे हैं।