शटडाउन लेकर हाईटेंशन लाइन पर काम करने के दौरान अचानक लाइन चालू कर देने से काम कर रहा युवक बुरी तरह झुलस गया। उसे मेरठ में प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया है। संविदा कर्मचारियों ने दोषी एसएसओ को गिरफ्तार किए जाने तथा घायल को आर्थिक मदद देने की मांग करते हुए हंगामा किया। एसएसओ को हिरासत में लेने तथा मदद का आश्वासन देने के बाद कर्मचारी शांत हुए।
जानकारी के अनुसार संविदा कर्मचारी राजन के साथ हाईटेंशन लाइन में आए फाल्ट को ठीक करने के लिए बृहस्पतिवार सुबह गांव फिटकरी निवासी अंकुर पुत्र राजवीर गया था। राफन के जगंल में फाल्ट को ठीक करना था। इसके लिए 11.55 पर शट डाउन लेकर लाइन पर काम शुरू किया गया था।
अचानक लाइन में करंट चालू होने से काम कर रहा अंकुर हाईटेंशन करंट की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गया। उसे तुरंत इलाज के लिए सीएचसी में भर्ती कराया। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे मेरठ के लिए रेफर कर दिया। वहां उसकी हालत गंभीर बताई गई है। घटना से संविदा कर्मचारियों में रोष व्याप्त हो गया तथा बड़ी तादाद में एकत्र होकर ढिकौली रोड स्थित बिजलीघर पर पहुंचे तथा लापरवाही से लाइन चालू करने वाले एसएसओ के खिलाफ कार्रवाई करने तथा पीड़ित को आर्थिक मदद की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची तथा एसएसओ प्रदीप को हिरासत में लेकर थाने ले आई। वहीं, विद्युत निगम के अधिकारियों ने आर्थिक मदद का आश्वासन दिया तो हंगामा शांत हुआ। समाचार लिखे जाने तक थाने में तहरीर नहीं दी थी।
वहीं, एसडीओ योगेंद्र बजाज का कहना है कि एसएसओ ने इस प्रकार लापरवाही कैसे की। इसकी जांच कराई जा रही है तथा आर्थिक मदद के लिए विभाग को लिखा जा रहा है। वहीं, एसएसओ प्रदीप कुमार का कहना है कि संविदा कर्मचारी राजन की सूचना पर ही शट डाउन दिया गया था। राजन की सूचना पर ही लाइन को चालू किया गया। उसकी कोई गलती नहीं है।