मेरठ। ‘पद्मावत’ फिल्म पर चल रहे विरोध के संबंध में जिले के प्रभारी और प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह का कहना है कि कोई भी व्यक्ति कानून को हाथ में न ले। नहीं तो उस पर कार्रवाई होगी। पुलिस-प्रशासन को हिदायत है कि वे अपना काम निडर होकर करें। बाकी सिनेमा हॉल वालों की मर्जी है कि वे फिल्म चलाते हैं या नहीं।
मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह बृहस्पतिवार शाम सर्किट हाउस पहुंचे। वह गणतंत्र दिवस पर शुक्रवार को पुलिस लाइंस में होने वाली परेड की सलामी लेंगे। उन्होंने बताया कि मेरठ को पांच नए चिकित्सक मिल चुके हैं, जबकि कुछ और चिकित्सक मिलने वाले हैं। प्रदेश में आयुष पर तैनात चिकित्सक सीएचसी-पीएचसी पर बैठेंगे। प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं बढ़ाई जाएंगी। एमआरआई, डायलिसिस और डायग्नोस्टिक सेंटर खोले जा रहे हैं। वह पुलिस लाइंस स्थित अर्बन पीएचसी पर सुविधाएं बढ़ाने की बड़ी घोषणा कर सकते हैं।
वहीं, जिला पंचायत सदस्य डॉ. मीनाक्षी भराला, भाजपा नेता सुनील भराला, सतेंद्र भराला, विक्की तनेजा आदि ने प्रभारी मंत्री से जिला पंचायत के कार्यों में भेदभाव का आरोप लगाते हुए शिकायत की। आरोप लगाया कि सभी सदस्यों को बराबर काम नहीं मिल रहा है। उन्हें 50 लाख में से महज आठ लाख का काम मिला है, जबकि बराबर काम मिलना चाहिए। मंत्री ने कहा कि इस संबंध में बातचीत की जाएगी।
खास बातें:
- पद्मावत फिल्म के सवाल पर बोले जिले के प्रभारी और स्वास्थ्य मंत्री
- सर्किट हाउस पहुंचे, गणतंत्र दिवस पर लेंगे परेड की सलामी