नगर सहित जिले के विभिन्न इलाकों में विश्वकर्मा पूजा धूमधाम से मनाई गई। सरकारी, गैर सरकारी तथा निजी प्रतिष्ठानों को आकर्षक ढंग से सजाया गया। भक्तों की ओर से कई स्थानों पर पंडाल में भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा स्थापित की गई थी। इस मौके पर विविध सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
नगर के रेलवे, रोडवेज, हाइडिल कॉलोनी, सहादतपुरा, मुुंशीपुरा, चौक, घास बाजार, भीटी सहित जिले के विभिन्न इलाकों में भक्तों ने भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा रख पूजन अर्चन किया। दोहरीघाट संवाददाता के अनुसार स्थानीय कस्बा के रोडवेज सहित क्षेत्र के विभिन्न इलाकों में विश्वकर्मा जयंती मनाई गई।
पिपरीडीह संवाददाता के अनुसार क्षेत्र के बढ़ुआगोदाम, पिपरीडीह, कहिनौर, उस्मानपुर, रैकवारडीह सहित दर्जनों इलाकों में लोगों ने प्रतिष्ठानों को सजा कर भगवान विश्वकर्मा की पूजा की। मझवारा संवाददाता के अनुसार स्थानीय बाजार सहित क्षेत्र के विभिन्न इलाकों में पंडालों में भगवान आदिशिल्प का चित्र रखकर पूूर्जन अर्चन किया गया।
बोझी बाजार संवाददाता के अनुसार बडरांव ब्लाक क्षेत्र के बोझी बाजार, मांदी सिपाह, हनुमान नगर, भटमीला, अमिला, सुल्तानपुर, नदवासराय, सरायसुदनी, करनपुर बड़राई, कुड़हनी, सपनौती, सुकलौेली, टेंघना, टकटेउवारामपुर आदि स्थानों पर भगवान विश्वकर्मा की वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजन अर्चन किया गया।
अमिला संवाददाता के अनुसार स्थानीय कस्बा सहित क्षेत्र के विभिन्न इलाकों में विश्वकर्मा पूजन धूमधाम से मनाया गया। क्षेत्र के भटमीला, अमिला, थानीदास व अमिला रेलवे स्टेशन के विभिन्न प्रतिष्ठानों में विधि विधान से भगवान विश्वकर्मा का पूजन अर्चन किया गया।
कुसुम्हा संवाददाता के अनुसार क्षेत्र के गोंठा, फरसरा खुर्द, कुसुम्हा, झोंटपुर, तारनपुर, पनइल, चांदपुर(इब्राहिमाबाद), शाहपुर, लामी, हरिपरा, कोरौली, विशुनपुरा सहित विभिन्न स्थानों पर शिल्पकार विश्वकर्मा का हवन-पूजन अर्चन कर प्रसाद वितरण किया गया।
फरसरा खुर्द में विश्वकर्मा पूजा समिति की तरफ से भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके बाद विश्वकर्मा समाज के दिशा और दशा विषयक पर एक संगोष्ठी का आयोजन किया। इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि विश्वकर्मा समाज को एकजुट होना अति आवश्यक है। इस अवसर पर विशाल विश्वकर्मा, राजेंद्र विश्वकर्मा, महेंद्र विश्वकर्मा, प्रेमचंद्र विश्वकर्मा, पंकज, अमन, चंदन, अवधेश आदि शामिल रहे।
सूरजपुर संवाददाता के अनुसार क्षेत्र के विभिन्न इलाकों में विश्वकर्मा पूजा धूमधाम से मनाया गया। हातिमनगर स्थित फर्नीचर के शो रूम पर भगवान विश्वकर्मा की आकर्षक झांकी सजाई गई थी। सत्यनारायण विश्वकर्मा ने बताया कि भगवान विश्वकर्मा ने प्राकृतिक नियमों को ध्यान में रखते हुए पृथ्वी पर निर्माण कराया था। नि:संकोच पर्यावरण की रक्षा का यही प्रथम संदेश था। प्रोजेक्टर के माध्यम से देवशिल्पी की महिमा को लोगों तक पहुंचाया गया। इस मौके पर रामदरश विश्वकर्मा, सत्यप्रकाश, सत्येंद्र कुमार, तेजप्रकाश, प्रेमप्रकाश, मुन्ना, महेंद्र, रामभुवन, रमेश, पारस, बलिराम, घूरा सिंह, प्रशांत, शुभम आदि शामिल रहे।
इंदारा संवाददाता के अनुसार स्थानीय बाजार सहित क्षेत्र के भगवान की प्रतिमा स्थापित कर लोगों ने मंगल कामना की। छोटे उद्योग धंधे वालों के अलावा रेलवे द्वारा भगवान विश्वकर्मा की प्रतिमा स्थापित कर पूजा-अर्चना की। क्षेत्र के इंदारा, कसारा, अदरी, शाहपुर सहित कई जगहों पर भव्य पंडाल में पूजन अर्चन किया गया।