वाजिदपुरा स्थित नूरानी मस्जिद कमेटी द्वारा संचालित लाइब्रेरी में शनिवार को हुए बम विस्फोट के बाद जांच करने पहुंची पुलिस टीम को मौके से न सिर्फ दो बम मिले हैं बल्कि सुतली, रिपिट आदि मिलने से इस आशंका को बल मिल रहा है कि बम लाइब्रेरी में ही तो नहीं बनाया जा रहा था।
इस बीच रविवार को बम निरोधक दस्ते, डाक स्क्वाड टीम ने भी घटनास्थल को खंगाला। इसके पूर्व शनिवार की रात आईबी की फोरेंसिक टीम ने हिरासत में लिए गए मदरसा शिक्षक साजिद से घंटों पूछताछ की। पुलिस ने इस मामले में दो और लोगों को हिरासत में लिया है। उनसे भी पूछताछ की जा रही है। हालांकि पुलिस अधिकारी अभी कुछ बोलने को तैयार नहीं हैं। उनका कहना है कि जांच चल रही है।
कोपागंज क्षेत्र के वाजिदपुरा में नूरानी मस्जिद से कुछ दूरी पर स्थित मौलाना अब्दुल समद लाइब्रेरी में शनिवार की सुबह बम विस्फोट हो गया था।
उस दौरान लाइब्रेरी की सफाई कर रहा मोहम्मद इलियास का पुत्र अब्दुल्ला (16) गंभीर रूप से घायल हो गया था। विस्फोट के बाद पुलिस और खुफिया विभाग के अधिकारी सक्रिय हो गए।
पुलिस ने जब मौके पर जांच की तो उसे घटनास्थल से दो और मिले। इसके बाद रविवार को गहन पड़ताल के लिए बम डिस्पोजल दस्ता बुलाया गया। उसने घटनास्थल से सुतली, रिपिट आदि बरामद किया, जिससे इस आशंका को बल मिल रहा है कि कहीं बम लाइब्रेरी में ही तो नहीं बनाया जा रहा था।
हालांकि पुलिस अधिकारी जांच का हवाला देकर कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं। बम निरोधक दस्ते ने दोनों बम निष्क्रिय कर दिए हैं।
बम विस्फोट में घायल किशोर से पूछताछ के बाद दो जिंदा बम बरामद किए गए हैं। दोनों कम क्षमता वाले सुतली बम थे। इस प्रकरण की पूूरी गहनता से जांच चल रही है। इसकी भी जांच की जा रही है कि कहीं लाइब्रेरी की आड़ में खतरनाक खेल तो नहीं चल रहा था। - सुनील कुमार सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक