सरायलखंसी थाना क्षेत्र के बढुवा गोदाम स्थित एक मकान में सोमवार की रात टावर सहायक की रस्सी से गला घोंट कर हत्या कर दी गई। घटना की सूचना मिलने पर आसपास के लोगों में सनसनी फैल गई।
मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मौका मुआयना किया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। युवक गोंडा जनपद के बेतिया थाना क्षेत्र अंतर्गत नवाबगंज का रहने वाला धर्मेंद्र द्विवेदी है। यह चार महीने से बढ़ुवा गोदाम में एक किराए के मकान में रहता था।
धर्मेंद्र (30) मोबाइल टावर पर सहायक था। अपने एक साथी के साथ बढ़ुवा गोदाम स्थित गाजीपुर जनपद के मरदह थाना क्षेत्र निवासी ओमप्रकाश गौतम के मकान में किराएदार था।
बताया जाता है कि तीन-चार दिन पूर्व धर्मेंद्र के साथ रहने वाला व्यक्ति अपने घर चला गया गया था। मंगलवार की सुबह काफी देर बाद भी जब उसका दरवाजा नहीं खुला तो आसपास के लोगों ने खिड़की झांककर भीतर देखा।
धर्मेंद्र द्विवेदी की लाश फर्श पर देखते ही लोग सकते में आ गए। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने दरवाजा खोलकर मुआयना किया। गले में रस्सी बंधी थी, अनुमान लगाया जा रहा है कि रस्सी से गला घोंटकर उसकी हत्या की गई है।
पुलिस ने शव को कब्जे में लिया। आईडी प्रूफ से उसका पता लेकर पुलिस ने घटना की सूचना उसके परिवारीजन को दी। जांच में पुलिस के हाथ अब तक खाली हैं।
पूछताछ के बाद भी पता नहीं चला कि उसकी हत्या किसने कब और क्यों की। पुलिस ने उसके शव को कब्जे में लेकर आसपास की वस्तुओं की भी तहकीकात कर उसे सुरक्षित किया और घटना की जांच पड़ताल शुरू की। इस संबंध में थानाध्यक्ष रामस्वरूप वर्मा का कहना है कि प्रथम दृष्टय युवक की रस्सी से गला दबाकर हत्या प्रतीत होती है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद और तथ्य सामने आ सकते हैं। बताया कि मृतक के परिवार के सदस्यों को सूचित किया गया है। मामले में परिवारीजन की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर विवेचना की जाएगी ।