मऊ पुलिस प्रशासन ने घोसी में पुलिस टीम पर पथराव करने वाले उपद्रवियों का रविवार को पोस्टर जारी किया है। जनता से अपील की है कि पोस्टर में दिख रहे लोगों की पहचान पुलिस को बताने की अपील की है। किसी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें। उपद्रवियों की पहचान बताने वालों का नाम गुप्त रखा जाएगा।
पुलिस अधीक्षक इलामारन जी ने बताया कि शुक्रवार को दो बाइक की टक्कर के बाद दो पक्ष में विवाद होने के बाद एक पक्ष के लोगों ने पहले अस्पताल में तोड़फोड़ की। वहीं पुलिस टीम पर पथराव कर पुलिसकर्मियों को घायल कर सरकारी वाहनों को क्षतिग्रस्त कर दिया। इससे माहौल तनावपूर्ण करने की कोशिश की गई। बताया कि रविवार को तीसरे दिन भी घोसी में भारी तादाद में पुलिस बलों की तैनाती कर एक एक गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। वहीं, इस बीच एसपी के निर्देश पर पुलिस ने दो पोस्टर जारी किए है। इसमें लिखा गया है कि बीते 15 नवंबर को जनपद मऊ थाना घोसी क्षेत्र में हुए पथराव-उपद्रव में शामिल अभियुक्त है, जिन्हें पुलिस टीम ने रिकार्ड वीडियो में मिले फुटेज से चिह्नित किया है। अपील जनता से की गई है कि पोस्टर में ही दिख रहे लोगों को कोई जानता है तो वह पुलिस प्रशासन को संपर्क कर उसकी सूचना दे सकता है, उसकी पहचान गुप्त रखी जाएगी।
चंदा जुटाकर लोगों ने चढ़ाया सुक्खू की भतीजी का तिलक
बाइक की टक्कर के बाद उपजे विवाद का मामले के तीसरे दिन रविवार को घोसी में जिले की पुलिस फोर्स मुस्तैद रही। घोसी के छह जगहों पर पुलिस के जवान तैनात दिखें तो वहीं घायल सुक्खू की भतीजी जिसका रविवार को तिलक जाना था। उसको लेकर उसके मुहल्लेवासियों ने एकजुट होकर चंदा एकत्रित कर उसका तिलक भेजवाया। उधर, पुलिस घोसी को तीन सेक्टर में बांटते हुए तीसरे दिन भी हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए है।
जानकारी के अनुसार, मामले में घायल सुक्खू की भतीजी पूनम राजभर का रविवार को तिलकोत्सव कार्यक्रम घोसी कोतवाली क्षेत्र के मझवारा के रामपुर मड़ईया गांव में तय था। जिसकी तैयारी चल रही थी। शुक्रवार को घोसी नगर में हल्का सा सड़क हादसे के बाद चाकूबाजी और पथराव के चलते सूक्खू राजभर घायल हो गए। इस परिस्थिती में मोहल्लेवासियों ने आपस में चंदा लगाकर रविवार को कुछ लोग घोसी कोतवाली क्षेत्र के रामपुर मड़ईया गांव तय स्थल पर पहुंच कर तिलकोत्सव का कार्यक्रम सादगी के साथ अदा किया। इसके बाद परिजन घायल सूक्खू राजभर की देखरेख को लेकर बीएचयू वाराणसी रवाना हुए। इसके पूर्व घोसी कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक राजकुमार सिंह एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घोसी के चिकित्साधिकारी डॉ. एचके पंकज द्वारा दर्ज कराए गए मुकदमे के चलते सड़क पर लोग नदारद रहे। जबकि सुरक्षा की दृष्टि से मधुबन मोड़, बड़ागांव सदर इमामबाड़ा, बड़ागांव खाचीझार एवं बड़ागांव राजभर बस्ती में आंशिक रूप से पुलिस फोर्स तैनात रही।