रविवार की दोपहर नगर के अतिव्यस्तम आजमगढ़ मोड़ पर पसरा सन्नाटा।संवाद
अप्रैल माह के तीसरे सप्ताह में गर्मी बढ़ गई है। सुबह नाै बजे ही तीखी धूप और गर्म हवाओं से लोग परेशान नजर आए। दोपहर 12 बजे सड़कों पर सन्नाटा रहा। जिले में 24 घंटे में अधिकतम तापमान में तीन डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की वृद्धि दर्ज की गई। इसी बीच नगर क्षेत्र में दिन भर बिजली अप डाउन होने के चलते लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। तीखी धूप के कारण दोपहर के समय लोग घर से बाहर नहीं निकले। बाजारों में भी ग्राहकों की संख्या कम रही। इसका सीधा असर स्थानीय कारोबार पर पड़ रहा है। कृषि कार्यों में लगे लोगों के लिए भी मौसम चुनौती भरा साबित हो रहा है। माैसम विभाग के मुताबिक, रविवार को अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस रहा। आद्रता 15 प्रतिशत रही। 21 किमी की रफ्तार से हवाएं चलीं। 18 अप्रैल को अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।
हर आधे घंटे पर ट्रिपिंग से हुई परेशानी
नगर क्षेत्र में दिन भर ट्रिपिंग होने के चलते लोगों को परेशानी हुई। विद्युत निगम की तरफ से शहर में 24 घंटे और ग्रामीण इलाकों में 18 घंटे का शेड्यूल निर्धारित किया गया है लेकिन लोगों को शेड्यूल के अनुसार बिजली नहीं मिल पा रही है। नगर के भीटी स्थित विद्युत उपकेंद्र में नए फीडर का पैनल लगाने का कार्य होने के चलते रविवार को सुबह आठ बजे से दोपहर बाद दो बजे तक विद्युत आपूर्ति बाधित रही। इसके चलते लोगों को एक-एक पल बिताना मुश्किल हो रहा था। इसी बीच अन्य विद्युत उपकेंद्र में हर आधे घंटे पर ट्रिपिंग होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। राष्ट्रीय लोकदल के वरिष्ठ नेता देवप्रकाश राय का कहना है कि रात के समय ट्रिपिंग से परेशानी हो रही है। शिकायत के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है। किसान नेता राकेश सिंह का कहना है कि फाल्ट आने के बाद ठीक होने में बिजलीकर्मी काफी समय लगा दे रहे हैं। एक से दो घंटे बिजली कटौती होने से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस बाबत विद्युत वितरण खंड प्रथम के अधिशासी अभियंता एके सेठ का कहना है कि शेड्यूल के अनुरुप विद्युत आपूर्ति करने का प्रयास जारी है।
मऊ। जिला अस्पताल के वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. अनिल कुमार का कहना है कि तेज धूप को देखते हुए सावधानी बरतने की जरूरत है। गर्मी के मौसम में डिहाइड्रेशन का खतरा रहता है। इस मौसम में पानी और अन्य तरल पदार्थों का अधिक सेवन करना चाहिए। धूप में निकलते वक्त छाता का इस्तेमाल करना चाहिए। सिर ढंक कर धूप में निकलने से लू से बचा जा सकता है। घर से पानी या कोई ठंडा शरबत पीकर बाहर निकलें। आम पन्ना, शिकंजी, खस का शरबत का सेवन फायदेमंद है। धूप से आते ही और ज्यादा पसीना आने पर फौरन ठंडा पानी नहीं पीना चाहिए। गर्मी के दिनों में बार-बार पानी पीते रहना चाहिए ताकि शरीर में पानी की कमी न हो। पानी में नींबू और नमक मिलाकर दिन में दो-तीन बार पीते रहने से लू लगने का खतरा कम रहता है। खाली पेट बाहर नहीं जाना चाहिए। सब्जियों के सूप का सेवन करने से भी लू से बचा जा सकता है।
इनसेट
पशुओं को धूप वाले स्थान पर न बांधे
मऊ। भीषण गर्मी के मद्देनजर पशुपालन विभाग ने एडवाइजरी जारी की है। उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ.आरबी चौरसिया ने बताया कि पशुओं को धूप वाले स्थान पर न बांधे। सुबह 10 बजे सुबह से शाम 4 बजे के बीच में पशु न चराएं। पशुओं को दिन में छप्पर या टीन के शेड में रखें। मवेशियों के दरवाजे, रोशनदान बोरे या टाट से ढके हों। टंगे बोरों पर पानी का छिड़काव करते रहें। पशुओं को संतुलित आहार की मात्रा बढ़ा दें। दिन में पर्याप्त मात्रा में पानी पिलाते रहे। पशु पक्षियों के लिए घर के बाहर बर्तन में पानी रखें।
तापमान
तारीख अधिकतम तापमान न्यूनतम तापमान
19 अप्रैल 42 27
18 अप्रैल 39 26
17 अप्रैल 39 26
16 अप्रैल 39 25
15 अप्रैल 40 24
14 अप्रैल 38 23
13 अप्रैल 37 22
तापमान डिग्री सेल्सियस में