शहर कोतवाली की सहादतपुरा नई बस्ती में बुधवार की रात सेवानिवृत्त शिक्षिका शांति देवी (61) की गला दबाकर हत्या करने के बाद बदमाश घर में लूटपाट कर फरार हो गए। वारदात की जानकारी गुरुवार को तब हुई जब उनका भतीजा गांव से कुछ सामान लेकर आया। मौके पर पहुंचे एसपी, एएसपी, सीओ और कोतवाल ने आसपास के लोगों से पूछताछ की। डाग स्क्वाड को भी बुलाया गया। शिक्षिका के देवर की तहरीर पर पुलिस ने हत्या और लूटपाट का मुकदमा दर्ज किया है।
सहादतपुरा नई बस्ती में शांति देवी सात वर्षों से रहती थीं। वे प्राथमिक विद्यालय ढोलमन से 14 जून को प्रधानाध्यापिका के पद से रिटायर हुईं थीं। उनका मूल निवास हलधरपुर के अईलख इमिलियाडीह में है।
उनके पति सुरेश बहादुर सिंह असोम में शिक्षक हैं। इस बीच बुधवार की रात किसी समय घर में घुसे बदमाशों ने बिस्तर पर उनकी गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद अटैची, आलमारी आदि में रखे रुपये और जेवरात निकालकर फरार हो गए। गुरुवार को दोपहर बाद जब शांति देवी का भतीजा अमित गांव से करौंदा पहुंचाने आया तो तब जाकर वारदात का पता चला।
अमित के आवाज देने पर भी अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई। उसने जब धक्का दिया तो दरवाजा खुल गया। अंदर का दृश्य देखकर उसके होश उड़ गए। बिस्तर पर शांति देवी की लाश पड़ी थी। आसपास सामान बिखरे थे।
अमित के शोर मचाने पर पड़ोस के लोग जुट गए। स्थानीय लोगों की मदद से अमित ने अपनी ताई को अस्पताल पहुंचाया। वहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद अमित ने परिवार के सदस्यों के साथ ही असोम में रहने वाले शांति सिंह के पति को सूचना दी।
कुछ ही देर में पुलिस अधीक्षक अनिल कुुमार सिंह, एएसपी सुनील सिंह, सीओ अशोक यादव, कोतवाल कुंवर बहादुर सिंह के साथ ही स्वाट टीम भी पहुंच गई। एसपी ने डाग स्क्वाड की मदद ली, लेकिन बदमाशों का सुराग नहीं लगा। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
शिक्षिका के देवर कृष्णानंद सिंह ने हत्या और लूटपाट का मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार सिंह का कहना है कि हत्या के खुलासे के लिए पुलिस की कई टीमें लगाई गई हैं। जल्द ही आरोपी फंदे में होंगे।