िजले के विभिन्न इलाकों में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी आैर पूर्व प्रधानमंत्री लालबहादूर शास्त्री की जयंती धूमधाम से मनाई गई। इस अवसर पर उनके जीवन वृत्त पर प्रकाश डाला गया। साथ ही उनके बताए हुए रास्तों पर चलने का संकल्प लिया गया।गांधी जयंती के अवसर पर कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी निखिल चंद्र शुक्ला ने झंडारोहण किया। इसके पश्चात कलेक्ट्रेट के सभागार में गोष्ठी का आयोजन किया गया।
इस मौके पर जिलाधिकारी ने कहा कि गांधी जी के आदर्शों को थोड़ा भी अगर जीवन में उतार लें तो हम निश्चित रूप से आगे बढ़ सकते हैं। कहा कि अपने-अपने पदीय दायित्वों की पूर्ति में अपने कार्यों का निष्पादन सही ढंग से करें तो निश्चित रूप से गांधी जी के सपनों को साकार कर सकते हैं। उन्होंने लाल बहादुर शास्त्री की सादगी को अपने जीवन में उतारने का आह्वान किया। अपर जिलाधिकारी ने महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के जीवन वृत्त पर प्रकाश डाला।
नगर मजिस्ट्रेट अमरनाथ राय द्वारा विस्तार से दोनों महापुरुषों के जीवन को याद किया। इस अवसर पर बंदोवस्त अधिकारी चकबंदी प्रमोद पांडेय ने भी विचार प्रस्तुत किया। संचालन अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी विजय प्रताप यादव ने किया। इस अवसर सीटीओ आविद अंसारी, जिला विकलांग कल्याण, समाज कल्याण सहित कलेक्ट्रेट केे सभी अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहें। इसी क्रम में विकास भवन में मुख्य विकास अधिकारी आशुतोष द्विवेदी ने झंडारोहण किया।
इसके बाद महात्मा गांधी व पूर्व प्रधानमंत्री स्व. लाल बहादुर शास्त्री के चित्र पर माल्यार्पण कर दीप प्रज्वलित किया। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि गांधीजी रविंद्र नाथ टैगोर को आदर्श मानते थे और उन्होंने ही गांधीजी को महात्मा की उपाधि दिए थे। राष्ट्रपिता की उपाधि सुभाष चंद्र बोस ने दिया था। कार्यक्रम को जिला विकास अधिकारी, परियोजना निदेशक, डीसी मनरेगा, डीपीआरओ, डीएसटीओ, जिला उद्यान अधिकारी, युवा एवं खेल अधिकारी आदि शामिल रहे।