मादिसिपाह नया प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर महाराष्ट्र से आए व्यक्तियों की स्क्रीनिंग करते स्व?
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मऊ। लॉक डाउन में फंसे लोगों को घरों तक पहुंचाने के लिए सरकार ने व्यवस्था शुरु की। ऐसे में में गैर प्रांतों से प्रवासियों के आने का सिलसिला शुरु हो गया है। बुधवार को गैर प्रांत से आए 262 लोग बलिया के रास्ते मऊ रोडवेज बस से पहुंचे। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बाहर से आने वाले सभी प्रवासियों की थर्मल स्क्रीनिंग की। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने इसमें से 113 लोगों को रतनपुरा में रखा गया। शेष की थर्मल स्क्रीनिंग कर उनका नाम नंबर आदि नोट कर उन्हे होम क्वारंटीन होने की हिदायत दी गई। प्रशासन से यात्रियों से कहाकि कोई दिक्कत होने पर वो तुरंत स्वास्थ्य विभाग या नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में संपर्क करें। जिसके पास छोटा घर हो और क्वारंटीन होने में दिक्कत हो तो वो जिला प्रशासन से संपर्क कर सकता है। ताकि उसे बनाए गए आश्रय स्थल पर आईसोलेट किया जा सकें। इसके अलावा बुधवार को छत्तीसगढ़ से साइकिल चलाकर जिला पहुंचे सात लोगों को बढुआगोदाम पर स्वास्थ्य टीम ने जांच करने के बाद उन्हें फातिमा स्कूल क्वारंटीन किया। अमिला: महाराष्ट्र से टेंपो चलाकर मंगलवार की देर शाम चार लोग दोहरीघाट थाना क्षेत्र के मादी सिपाह गांव पहुंचे। इनमें एक युवक गाजीपुर जिले के मुंडेरा का निवासी था। जबकि तीन मऊ जिले के अलग-अलग गांवों के रहने वाले हैं। ग्राम प्रधान ने चारों को रातभर ग्राम सभा सचिवालय में रखवाया। बुधवार की सुबह चारों की थर्मल स्क्रीनिंग कराई। इसके बाद 14 दिन तक होम क्वारंटीन की हिदायत देकर घर भेजा गया। मादी सिपाह पहुंचने वालो में सदानंद कन्नौजिया गाजीपुर जिले के मुंडेरा गांव का, संतोष कुमार पाल और बृजभान कन्नौजिया घोसी कोतवाली क्षेत्र के मानिकपुर गांव के तथा राजकुमार ड़राव ब्लाक के अतरसांवा गांव का रहने वाला है। जांच में चारों सामान्य मिले। इस पर टीम ने उन्हें 14 दिन तक होम क्वारंटीन की हिदायत दिया।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा बीएचयू लैब में बंद होने के बाद गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में सैंपल भेजा जा रहा था। लेकिन वहां भी सैपलिंग ज्यादा होने पर मना करने के चलते बीते दो दिनों से सैपलिंग कार्य बंद है। बताया जा रहा है बीएचयू लैब के खुलने के बाद बृहस्पतिवार से जिले में पुन: सैपलिंग शुरू करते हुए नमूना बीएचयू भेजा जाएगा।