जिला महिला अस्पताल की ओटी का निरीक्षण कर बाहर निकलतीं राज्य महिला आयोग की सदस्य शशि मौर्या।
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उप्र राज्य महिला आयोग की सदस्य शशि मौर्या ने बुधवार को जहां लोक निर्माण विभाग के डाक बंगले में बैठक कर महिलाओं की समस्याओें को सुना और अधिकारियों को उनकी समस्याओं को दूर करने के निर्देश दिए। कहा इसमें कोताही ठीक नहीं। इसके बाद जिला महिला अस्पताल और बाल संप्रेषण गृह का निरीक्षण किया। कमियां मिलने पर जवाब तलब किया और उन्हें दूर करने का निर्देश दिया। वह महिला अस्पताल में वह करीब आधे घंटे तक रुकी रहीं और मरीजों से मिलकर उनका हालचाल जाना और मिलने वाली सुविधाओं के बारे में पूछताछ की।
लोकनिर्माण विभाग के डाकबंगले में हुई बैठक में महिला उत्पीड़न की शिकायतें सुनी गईं। बड़रावं ब्लाक के रेयांव गांव की लक्ष्मीना मौर्या, दोहरीघाट ब्लाक के मेहदिया कुंड गांव की नीलम पांडेय, परदहां ब्लाक के रणवीरपुर गांव की साधना राजभर और बीना देवी, मुहम्मदाबाद गोहना ब्लाक के भांटी कला गांव की अमृता सिंह, सैयदवाड़ा मुहल्ला की अमीना, फतेहपुर मण्डांव भहापुर की सावित्री सिंह, सरायलखंसी थाना क्षेत्र के पिपरीडीह गांव की दिव्या भारती ने उत्पीड़न संबंधी शिकायतें दर्ज कराईं। शशि मौर्य ने अधिकारियों ने इनकी शिकायतों का निस्तारण करने के निर्देश दिए। बैठक में नगर मजिस्ट्रेट बी प्रसाद, जिला समाज कल्याण अधिकारी मुक्तेश्वर चौबे, महिला थानाध्यक्ष अनिता सिंह, महिला समाख्या से अन्जू रानी, आशा ज्योति केन्द्र से सुगमकर्ता रंजना मौर्या, सुगमकर्ता सारिका दूबे, निवेदिता सिंह उपस्थित रहे।
बाद में शशि मौर्या जिला महिला अस्पताल पहुंची और निरीक्षण कर साफ सफाई देखी। गंदगी देख नाराजगी जताई। ओटी बंद मिलने पर प्रसवों की जानकारी ली। निर्धारित मानदंडों की अनदेखी पर नाराजगी जताते हुए सभी मापदंडों को पूरा कराने को कहा। एसएनसीयू वार्ड में एक भी बच्चा भर्ती न मिलने पर सवाल किया। पिछले तीन माह में एसएनसीयू वार्ड में केवल दो बच्चों की भर्ती किए जाने पर जवाब मांगा। प्रभारी सीएमएस डा. आरके गुप्ता ने कहा कि जर्जर भवन के चलते अस्पताल में प्रसव नहीं कराया जा रहा है। सदस्य ने सीएमएस को महिला अस्पताल को नये भवन में शिफ्ट करने को कहा।