मऊ। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए किए गए आरक्षण में आपत्तियों के निपटारे के क्रम में आंशिक संशोधन किया गया है। केवल रतनपुरा ब्लाक के चार ग्राम पंचायतों के आरक्षण में संशोधन किया गया है। आरक्षण करते समय एक गांव का गलत आरक्षण होने से चार गांव प्रभावित हो गए थे। आपत्तियों के बाद इसे संशोधित करके बृहस्पतिवार की देर रात में संशोधित अंतिम आरक्षण सूची जारी कर दी गई।
जनपद के 671 ग्राम पंचायतों के चुनावों के लिए अनुसचित जन जाति महिला, अनुसूचित जन जाति, अनुसूचित जाति महिला, अनुसूचित जाति, पिछडा वर्ग महिला, पिछड़ा वर्ग तथा महिला के लिए अनंतिम आरक्षण सूची 21 मार्च को जारी की गई थी। इसके बाद निर्धारित तिथियों में प्रधान ,जिला पंचायत सदस्य और बीडीसी के लिए आरक्षित पदों के विरुद्ध नौ सौ से अधिक आपत्तियां लोगों ने दाखिल किया। दो दिनों तक आपत्तियों की समीक्षा करने के बाद चार गांवों के ग्राम प्रधान पदों के आरक्षण में संशोधन के बाद अंतिम आरक्षण सूची जारी कर दिया। संशोधित सूची के अनुसार रतनपुरा ब्लाक का रजमलपुर ग्राम पंचायत जो पहले पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित था। अब यह गांव अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित हो गया है। इसी प्रकार देवदह जो पहले अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित था। वह अब पिछड़ा वर्ग महिला के लिए आरक्षित कर दिया गया है। गाढ़ा ग्राम पंचायत अनुसचित जाति महिला के लिए आरक्षित थी अब इसे करके अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित कर दिया गया है जबकि बीबीपुर ग्राम पंचायत को पिछड़ा वर्ग महिला से पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित कर दिया गया है।
डीपीआरओ घनश्याम सागर का कहना है कि अवरोही चक्रानुक्रम में लिपिकीय त्रुटि वश एक गांव के गलत आरक्षण होने से चार ग्राम पंचायतें प्रभावित हो गई थीं। आपत्तियों के सत्यापन के दौरान त्रुटि मिलने पर इन्हें संशोधित कर दिया गया है। शेष आठ ब्लाकों के ग्राम पंचायतों का आरक्षण ज्यों का त्यों है। अंतिम सूची जारी कर दी गई है।