भाजपा नेता प्रो. रामजी सिंह का पार्थिव शरीर सोमवार की अपराह्न पंचतत्व में विलीन हो गया। घाघरा तट के मुुक्तिधाम श्मशान पर उनके ज्येष्ठ पुत्र ओमकार सिंह ने मुखाग्नि दी। शव को मुखाग्नि देते ही वहां उपस्थित लोगों के नेत्र सजल हो गए।
इसके पूर्व स्व. सिंह के शव पर पार्टी नेताओं ने पुष्पचक्र चढ़ाकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। उनके पैतृक गांव अल्लीपुर से जनपद मुख्यालय तक लोगों ने अंतिम यात्रा रथ को गांव-गांव रोककर उनके दर्शन किए।
शव यात्रा मुक्तिधाम पर पहुंचने से पहले वहां भाजपा सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के लोग हजारों की संख्या में पहुंचे गए। प्रो. सिंह के शव पर भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रमापति राम त्रिपाठी ने श्रद्धांजलि समर्पित करते हुए कहा कि वे हमारे मार्गदर्शक थे। उनका स्थान कोई भ्ार नहीं सकता। इस मौके पर पूर्व केंद्रीय मंत्री श्रीराम सिंह चौहान ने कहा कि प्रोफेसर साहब के असामयिक निधन से पार्टी को गहरा आघात लगा है।
पार्टी के साथ ही पूरा जनपद दुख में डूबा है।सभी ने स्व. सिंह के पुत्र भाजपा नेता अरिजीत सिंह और उनके बड़े भाई ओमकार सिंह को सांत्वना दी।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ गोरखपुर प्रांत के प्रमुख ने उन्हें कर्मयोगी की संज्ञा दी। पार्टी नेता विनोद पांडेय, उपेंद्र दत्त शुक्ल, उपाध्यक्ष दुर्गा राय, शिवकुमार, पूर्व प्रमुख डा. ईश्वर दत्त उपाध्याय, माधुरी सिंह, पूर्व विधायक राम इकबाल सिंह, भरत सिंह, डा. एचएन पटेल, ऋषिराज मिश्रा, अशोक वर्मा, सपा जिलाध्यक्ष धर्म प्रकाश यादव, विद्युत प्रकाश यादव, बसपा जिलाध्यक्ष भीम राजभर, पूर्व विधायक अमरेश पांडेय, बसपा नेता हरिश्चंद यादव, पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष गुलाब चंद गुप्त, विनय जायसवाल, संतोष राय, विनय राय, कांग्रेस नेता राष्ट्रकुंवर सिंह, प्रजापित राय, पंकज मिश्रा, पूर्व प्रमुख मनोज राय, मंगरू प्रसाद, बच्ची मौर्य, राम प्रवेश सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।