नगर के बाल निकेतन रेलवे क्रासिंग पर सामान्य रुप से जमीन में अधिक धंसे रेलवे ट्रैक को ऊपर उठाने का कार्य रविवार को किया गया। इस दौरान गोरखपुर से आई क्रेन के जरिए ट्रैक को फंसाकर ऊपर खींचा गया। कार्य के दौरान मार्ग पर करीब तीन घंटे तक यातायात बाधित रहा। रास्ता जाम होने से लोगोें को लंबी दूरी तय कर गंतव्य को जाना पड़ा। दो घंटे बाद कार्य समाप्त हुआ तो क्रांसिंग खुली। जाम में फंसे लोगों को घंटाभर निकलने में लग गया।
बाल निकेतन रेलवे क्रासिंग पर कई सालों से मरम्मत न होने और रोजाना बड़ी संख्या में वाहनों के आवागमन के चलते रेलवे पटरी नीचे खिसक रही थी।
जबकि सड़क काफी नीचे दब गई थी। इसको लेकर तीन दिनों से इंजीनयरिंग विभाग रेलवे क्रासिंग पर नीचे की ओर खिसक रही रेलवे पटरी क्षतिग्रस्त हो चुकी सड़क की मरम्मत का काम करा रहा है। रविवार को विभाग के सीनियर सेक्शन इंजीनियर धर्मेंद्र यादव के देखरेख में दोपहर डेढ़ बजे से गोरखपुर से आई ट्रैक मशीन से 15 मीटर लंबे रेलवे ट्रैक को पैक करने और स्लीपर के नीचे गिट्टी भरने के साथ ट्रैक पर बीच में खाली सतह में सड़क निर्माण का कार्य किया गया। जो दो घंटे तक चला।
उधर, कार्य के चलते रेलवे फाटक बंद होने से लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। सबसे ज्यादा परेशानी नगर के बाहरी लोगों को हुई जो कि रविवार का अवकाश होने पर अपने परिवार के स साथ सदर बाजार और सिंधी बाजार के लिए आए हुए थे। ऐसे में फाटक बंद होने और जाम लगने के चलते उन्हें भीटी-ढेकुलिया रोड होते हुए गंतव्य को जाना पड़ा। इससे उनके समय की बर्बादी हुई। हालांकि दो घंटे बाद जब क्रांसिंग खुली तो जाम खत्म होने में घंटाभर लग गया। तेज धूप आैर उमस ने लोगों को परेशान कर दिया। हालांकि जैसे तैसे लोग अपने घ्ारों को पहुंच कर चैन की सांस ली।