रक्षाबंधन पर्व पर रोडवेज बसों में निःशुल्क किराए की सुविधा का शत प्रतिशत लोगों ने उठाया। मऊ डिपो से गोरखपुर, बलिया और वाराणसी जाने वाली बसों में यात्रियों का दबाव अधिक रहा, जिसके चलते इन रूटों पर बसों की संख्या बढ़ा दी गई।
मऊ डिपो में 60 निगम और 11 अनुबंधित सहित 71 बसें हैं। रक्षाबंधन पर सरकार की तरफ से इस बार भी तीन दिन तक रोडवेज बसों में निःशुल्क यात्रा की सुविधा दी गई है।
शुक्रवार की सुबह 6 बजे से सभी बसें लगातार चल रही हैं। अधिक भीड़ का अनुमान लगाते हुए परिवहन निगम ने पहले ही चालक, परिचालक, मैकेनिक सहित अन्य रोडवेज कर्मियों की छुट्टी रद्द कर दी थी।
इस साल सरकार ने नई सुविधा दी है, एक महिला के साथ एक पुरुष का भी किराया माफ कर दिया गया है। यही कारण है कि सामान्य दिनों की तुलना में शुक्रवार से मऊ डिपो पर तीन गुना भीड़ अधिक पहुंच रही है।
एक चालक 24 घंटे में एक ही रूट पर तीन से चार फेरे लगा रहे हैं फिर भी यात्रियों की भीड़ कम नहीं हो रही है। शुक्रवार की सुबह 6 बजे से शनिवार की शाम 5 बजे तक केवल 23 घंटे में मऊ डिपो की बसों ने 16 लाख रुपए की कमाई कर ली है।
जो पहले कभी नहीं हुआ था। मऊ डिपो से गोरखपुर, बलिया और वाराणसी जाने वाले यात्रियों की संख्या अधिक है। इसके चलते लखनऊ, अयोध्या और प्रयागराज सहित अन्य रूटों की बसों को इन रूटों पर लगा दिया गया है।
मऊ डिपो के एआरएम हरिशंकर पांडेय ने बताया कि अगले एक सप्ताह तक सभी कर्मचारी की छुट्टी रद्द कर दी गई है। भीड़ बढ़ने के कारण एक चालक तीन से चार फेरे लगा रहा है। यात्रियों को 30 मिनट से अधिक देर तक बसों का इंतजार नहीं करना पड़ रहा है।