घोसी-मधुबन सड़क की बदहाली को लेकर धरना प्रदर्शन करते लोग।
घोसी-मधुबन मार्ग की बदहाली से आजिज लोग मंगलवार को सड़क पर उतर ही गए। सीएम योगी के 15 जून तक सड़कों को गड्ढामुक्त करने के फरमान का कोई असर न होते देखकर मंगलवार को लोगों ने धरना प्रदर्शन किया। क्षेत्रीय जिला पंचायत सदस्य सुभाष यदुवंशी के नेतृत्व में भाजपा को छोड़ सभी राजनीतिक दलों के नेताओं धरना प्रदर्शन में भाग लिया। इस धरना प्रदर्शन क्षेत्र के दर्जनों गांव के ग्राम प्रधानों और क्षेत्र पंचायत सदस्यों के साथ जिला पंचायत सदस्यों ने भाग लिया।
धरना स्थल पर लोगों को संबोधित करते हुए जिला पंचायत सदस्य सुभाष यदुवंशी ने कहा कि पिछले एक दशक से कई सरकारें आयीं लेकिन घोसी-मधुबन मार्ग की स्थिति सुधरने के बजाय दिन प्रतिदिन बदतर होती चली गयी। इस मार्ग पर सबसे दयनीय स्थिति सिपाह इब्राहिमाबाद बाजार और जामडीह गांव की है। इन स्थानों पर थोड़ी सी बारिश होने पर सड़क ताल के रूप में दिखने लगती है। ये मार्ग घोसी मधुबन को जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग है लेकिन विभागीय उदासीनता के चलते लोग लंबी दूरी तय कर दूसरे रास्ते से जाने को विवश हैं।
लगभग चार घंटे तक धरना प्रदर्शन चलने के बाद लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता आरके चौरसिया और उपजिलाधिकारी मधुबन सुरेंद्र मिश्रा मौके पर पहुंचे। एक्सईएन ने 15 दिन के अंदर जामडीह गांव और सिपाह इब्राहिमाबाद बाजार के गड्ढों को भरने तथा मार्च तक सड़क के चौड़ीकरण का आश्वासन दिया। तब जाकर धरना प्रदर्शन समाप्त हुआ। धरना प्रदर्शन को जिला पंचायत सदस्य राजकुमार कन्नौजिया, विजय यादव, अखिलेश राजभर, अवधेश कुमार, देवेंद्र राजभर, सपन कन्नौजिया, ओबैदुल्लाह अंसारी, रामजीत मौर्य, महाबल यादव, लालबहादुर मौर्य, डॉ.पारस राय, मानस जायसवाल आदि ने संबोधित किया।अध्यक्षता पूर्व प्रधान रामप्रेम ने किया। लोकगीत कलाकार विपिन बिहारी पाठक, वीरेंद्र यादव, शम्भू यादव ने अपने गीतों के माध्यम से सड़क की दुर्व्यवस्था बयान किया।