फिल्म ‘निकाह’ से कभी शोहरत की बुलंदियों को चूमने वाली अभिनेत्री और गायिका सलमा आगा ने कहा कि दहशतगर्दी के खिलाफ दुनिया को एकजुट होना चाहिए। रविवार को अपने अभिनेत्री बेटी साशा आगा के साथ यहां शारदा नारायण हास्पिटल में परखनली शिशु केंद्र का उद्घाटन करने आईं सलमा ने कहा कि पेरिस में हमला किसी कौैम या देश पर नहीं बल्कि मानवता पर हमला है। इससे निपटने के लिए एक साझा मंच की जरूरत है।
‘दिल के अरमां आंसुओं में बह गए’ गीत के जरिए लोगों को दिलों में छा जान वाली और बेस्ट फीमेल सिंगर का फिल्मफेयर एवार्ड जीतने वाली सलमा आगा ने कहा कि दहशतगर्दी किसी एक देश की समस्या नहीं है।
पूरी दुनिया इससे जूझ रही है। उन्होंने कहा कि लोग उन्हें पाकिस्तानी समझते हैं। लेकिन मैं हिंदुस्तानी ही हूं और इस पर मुझे गर्व है। उन्होंने कहा कि मेरा जन्म लंदन में हुआ लेकिन कई पीढ़ियोें का रिश्ता भारत से रहा है।
मेरे मामा भारतीय सेना से हाल ही में सेवानिवृत्त हुए हैं। भारतीय सिने दर्शकों ने जो मान दिया उसे कभी भुला नहीं सकती। आज मैं भारतीय नागरिक हूं।
बेटी साशा के साथ गीत सुनाते हुए कहा कि साशा को भी अभिनय के साथ गायन का शौक है। औरंगजेब और देसी के कट्टे के बाद साशा जल्द ही ‘एक निकाह और’ फिल्म में दिखेंगी। उन्होंने बालीवुड फिल्मों में काफी बदलाव आया है लेकिन आज भी अच्छी फिल्में बन रही हैं।
उन्होंने कहा कि निकाह के गीत आज भी लोगों की जबान पर हैं, एक कलाकार को इससे ज्यादा और क्या चाहिए। जिस तरह लोगों ने मेरे अभिनय और गायकी को प्यार दिया है चाहूंगी कि बेटी को भी उतना ही लोगों की तवज्जो मिले।