चिलचिलाती धूप में सहादतपुरा बाजार में मुंह ढककर जातीं छात्राएं।
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माह का अब तक सबसे गर्म दिन बुधवार रहा, पारा 44 डिग्री को भी पार कर गया। इससे रोजेदार से लेकर आमजन हाल बेहाल रहे। दूसरी तरफ गर्मी के चलते हिटस्ट्रोक का शिकार होकर कई लोग अस्पतालों में भर्ती कराए गए। शाम होने पर लोगों ने गर्मी से थोड़ी बहुत राहत महसूस किया। इस दौरान सड़क पर बीमारी के रुप में बिकने वाले शीतल पेय की धूम मची रही।
मई माह से गर्मी का एहसास लोगों को होने लगा है, हालांकि अभी जून माह बाकी है, बीते दिनों तेज हवा आंधी बारिश होने से मौसम कुछ राहत भरा हो गया था। लेकिन बीते तीन दिनों से लगातार गर्मी पड़ रही। इस दौरान बुधवार को तापमान 44 डिग्री से ऊपर चला गया। पारा बढ़ने के साथ साथ लोगों की बेचैनी भी बढ़ गई। इस दौरान बसों में होने वाली मारामारी नहीं दिखी। मजबूरी के चलते सड़क पर निकलने वाले लोग मुंह के साथ सर आदि पर कपड़ा लपेटे नजर आए। सड़क पर दिखने वाली अधिकांश महिलाएं मुंह बांधे नजर आई।
बुधवार को हिट स्ट्रोक का शिकार होकर पांच लोगों को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। जो गर्मी की तपिश का शिकार हो चले थे। इस तपिश भरी गर्मी में सबसे ज्यादा बेहाल रोजेदार दिखे, तेज धूप के कारण रोजेदारों को घरो से बाहर निकलने में परहेज किए। लेकिन जरूरी होने पर निकलना ही पड़ा।
डाक्टरों की मानें तो इस तपिश से बचने के लिए एहतियात की जरूरत है। घर से जब भी निकले, ज्यादा पानी पीकर, शरीर को ढककर रखे। गर्मी में भोजन कम और लिक्विड ज्यादा लें, इसमें मट्ठा के साथ दही निर्मित आहार का ज्यादा प्रयोग करें। समय समय पर नीबू पानी का सेवन करने से आंतों को ठंडक मिलती है।