विवाद बढ़ा तो आक्रोशित शुभम ने पास में रखे फावड़े से देवेंद्र सिंह के सिर पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। बीचबचाव में बेटियां आईं तो भी हमलावर ने उन दोनों को भी मारपीट कर घायल कर दिया। फावड़े के वार से देवेंद्र अचेत होकर गिर गए। थोड़ी ही देर में मौत हो गई। दोनों बेटियां और पत्नी समेत अन्य परिजनों में कोहराम मच गया। वारदात को अंजाम देकर आरोपी मौके से फरार हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
जमीनी विवाद में असमय मौत के शिकार बने देवेंद्र सिंह ने बीते 18 जून को मुंबई जाने के लिए लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस में आरक्षण कराया था। लेकिन अग्निपथ को लेकर हुए बवाल के बाद रेलवे द्वारा ट्रेन को निरस्त कर दिया गया। सोमवार को विवाद में देवेंद्र की हत्या उसके भतीजे ने ही कर दी। लोगों के बीच चर्चा रही कि अगर ट्रेन निरस्त नहीं होती तो देवेंद्र सिंह की जान नहीं जाती।