मऊ। नगर सहित जिले के विभिन्न इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हुई। इससे मंगलवार को अधिकतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की कमी दर्ज की गई। बारिश होने की संभावना से किसानों को फसल नुकसान होने की चिंता सताने लगी है। कृषि वैज्ञानिकों ने बुधवार को बारिश होने की संभावना जताई है।
सोमवार की शाम से ही बादल छाए रहे। देर रात कुछ देर तक हल्की बारिश हुई। मंगलवार को तड़के से आसमान में घने बादल छाए रहे। सुबह हल्की बूंदाबांदी हुई। लगभग नौ बजे के बाद धूप छांव होता रहा। मौसम ठंडा रहा। तापमान पर नजर डाला जाए तो मंगलवार को अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस रहा। आद्रता 75 प्रतिशत रही। जबकि 11 किमी की रफ्तार से हवा चल रही थी। सोमवार को अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस रहा। बारिश की संभावना से किसानों को फसल नुकसान की चिंता सताने लगी है। इस संबंध मेें प्रगतिशील किसान शिवाकांत सिंह, किसान नेता देवप्रकाश राय, राकेश सिंह का कहना था कि धान की फसल तैयार है, लेकिन खराब मौसम के चलते कटाई नहीं हो पा रही है। तेज बारिश होती है तो नुकसान होना तय लग रहा है। कृषि वैज्ञानिकाें के अनुसार तेज हवा के साथ बारिश होने की स्थिति में फसल गिर सकती है। दलहन, तिलहन फसल की बुआई पिछड़ सकती है। कृषि विज्ञान पिलखी के वरिष्ठ कृषि वैज्ञानिक डॉ. विनय कुमार सिंह का कहना है कि किसानों को लहसुन सहित अन्य फसलों की बुआई मौसम देखकर करना चाहिए। बुधवार को बारिश होने की संभावना है।