मऊ। जिला अस्पताल में इलाज के अभाव में कोरोना संक्रमित एक वृद्ध महिला की मौत हो गई। रानीपुर ब्लाक के फतेहपुर गांव की 70 वर्षीय महिला को सांस लेने में परेशानी हो रही थी और बुखार था। परिजन जब उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे तो चिकित्सकों ने बिना कोविड जांच के इलाज करने से इंकार कर दिया। इसके बाद परिजनों ने जांच कराई तो रिपोर्ट पॉजिटिव आई। परिजन महिला को लेकर इमरजेंसी में लेकर गए लेकिन तबतक वह दम तोड़ चुकी थी। परिजनों ने महिला के शव को एंबुलेंस से उतारने नहीं दिया। करीब घंटे की मशक्कत के बाद शव को एंबुलेंस से उतारा जा सका।
रानीपुर ब्लाक के फतेहपुर गांव की 70 वर्षीय महिला को सांस लेने में परेशानी थी। शिकायत के बाद परिजन रविवार की दोपहर 108 एंबुलेंस को सूचना दी। परिजन महिला को रानीपुर सीएचसी लेकर पहुंचे। यहां उसकी हालात गंभीर देखते हुए चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार कर जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल पहुंचने पर इमरजेंसी में मौजूद चिकित्सकों ने पहले कोविड की जांच कराने के बाद ही उपचार कराने की बात कही। इसके बाद परिजन महिला को लेकर दूसरे छोर पर बने कोविड जांच सेंटर पहुंचे, यहां जांच में महिला कोरोना पॉजिटिव मिली। परिजन उसे दुबारा इमरजेंसी लेकर पहुंच पाते कि इससे पहले ही महिला ने दम तोड़ दिया। अस्पताल के चिकित्सक तथा स्वास्थ्यकर्मी जहां अस्पताल को नान कोविड बताकर इस मामले से दूरी बनाते रहे। परिजनों ने महिला के शव को एंबुलेंस से नहीं उतारने दिया। एक घंटे की मशक्कत के बाद शव एंबुलेंस से उतारा गया। इसके बाद तीन घंटे से भी अधिक समय तक संक्रमित महिला का शव पड़ा रहा। शाम तक जिला अस्पताल और स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार लोग यह तक नहीं तय सके थे कि महिला का अंतिम संस्कार कैसे किया जाएगा।
कोट
मामला संज्ञान में है। इस संबंध में जिला अस्पताल के सीएमएस से बातचीत की गई है। शासन के दिशानिर्देश के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।-डॉ. सतीशचंद्र सिंह, सीएमओ