मऊ। सावन माह के तीसरे सोमवार और नागपंचमी के पावन व दुर्लभ संयोग पर मऊ जनपद पूरी तरह शिवमय नजर आया। बारिश की फुहारों और भीगते मौसम के बीच अलसुबह से ही जिलेभर के शिव मंदिरों में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा।
‘हर-हर महादेव’ के गगनभेदी जयकारों के साथ शिव भक्तों और कांवड़ियों ने विधि-विधान से भगवान आशुतोष का जलाभिषेक किया। सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के बीच इस बार रिकॉर्ड 55 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने मंदिरों में माथा टेककर सुख-समृद्धि की कामना की।
शीतला माता धाम के मुख्य पुजारी पंडित दीपक महाराज के अनुसार, इस बार सावन के तीसरे सोमवार पर जिले के विभिन्न शिव मंदिरों में 55 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने पूजन-अर्चना की, जबकि गत वर्ष यह आंकड़ा 47 हजार के करीब था।
गाजीपुर से गंगा जल लेकर पैदल चले कांवड़िए बारिश में भीगते हुए शिवालयों में पहुंचे और ‘’बोल बम’’ के जयकारों के बीच जल अर्पित किया।
नगर के प्रमुख मंदिरों—जैसे महादेव घाट, शीतला माता धाम, पक्का पोखरा प्राचीन शिव मंदिर, कोपागंज गौरीशंकर शिव मंदिर, बारहदुअरिया, गाजीपुर तिराहा, कतुआपुरा, मठियाटोला, हनुमानघाट, भीटी, पावर हाउस कॉलोनी, बालनिकेतन मोड़ और कैलाशपुरी—में पूरे दिन भक्तों का सैलाब उमड़ा रहा।
कई जगहों पर श्रद्धालुओं ने घरों और मंदिरों में पार्थिव शिवलिंग का निर्माण कर रुद्राभिषेक और विशेष अनुष्ठान किए। प्रशासन की ओर से 125 प्रमुख मंदिरों पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे।