17 अक्तूबर को होने वाले तीसरे चरण के मतदान के लिए सोमवार को पहले दिन पीठासीन और मतदान अधिकारियों का मतदान के लिए प्रशिक्षण दिया गया।
पहले दिन प्रशिक्षण में मतदान अधिकारी स्तर के 37 कर्मचारी अनुपस्थित रहे। इनमें 22 महिलाएं हैं। सभी अनुपस्थित कर्मचारियों के विरुद्घ जिलाधिकारी के निर्देश पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कराने के लिए घोसी और मुहम्म्दाबाद गोहना कोतवालियों में तहरीर दी गई।
बड़राव ब्लाक में 150 पीठासीन अधिकारी, 150 मतदान अधिकारी प्रथम , 150 मतदान अधिकारी द्वितीय और 150 मतदान अधिकारी तृतीय सहित कुल छह सौ मतदान कर्मियों का प्रशिक्षण सोमवार को होना था।
लेकिन इनमें से सभी 150 पीठासीन अधिकारी तो उपस्थित रहे। लेकिन नौ मतदान अधिकारी प्रथम, 23 मतदान अधिकारी द्वितीय और पांच मतदान अधिकारी तृतीय पांच गैर हाजिर रहे। निर्वाचन अधिकारी एवं जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी विजय प्रताप यादव ने प्रशिक्षण में गैर हाजिर रहने वाले कर्मचारियों के बारे में जानकारी देकर दिशा निर्देश मांगा।
डीएम ने उनसे सभी अनुपस्थित कर्मचारियों के विरुद्घ एफआईआर दर्ज कराने को कहा। निर्वाचन अधिकारी ने सभी अनुपस्थित कर्मचारियों के विरुद्घ संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज करने के लिए तहरीर घोसी कोतवाली पुलिस को दिया। घोसी कोतवाली पुलिस ने कहा कि इनमें कई कर्मचारी मुहम्मदाबाद गोहना कोतवाली के हैं।
इसलिए संबंधित कर्मचारियों के विरुद्घ मुकदमे के लिए मुहम्मदाबाद गोहना कोतवाली भेजवाया। इस संबंध में निर्वाचन अधिकारी का कहना है कि जो कर्मचारी सोमवार को प्रशिक्षण में नहीं उपस्थित हो पाए वे मंगलवार को होने वाले प्रशिक्षण में भाग ले सकते हैं।