जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव व सिविल जज सीनियर डिवीजन
प्रमोद कुमार सिंह ने कहा कि भ्रूण हत्या को रोकने के लिए कानूनी
प्रावधानों के व्यापक प्रचार-प्रसार में महिलाएं अपना योगदान दें।
सिविल जज
ने यह बातें राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और क्षेत्रिय प्रचार निदेशालय
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय आजमगढ़ के सौजन्य से बुधवार को राजीव गांधी
महिला पीजी कालेज परदहां के परिसर में बुधवार को आयोजित बालिका शिशु
सुरक्षा जन जागरूकता कार्यक्रम में उपस्थित महिलाओं व बच्चियों को संबोधित
करते हुए कहा।
उन्होंने बताया कि भ्रूण के लिंग की जांच कराना अपराध
है। इसे करने और कराने वाले और इसमें सहयोग करने वाले व्यक्तिओं को पांच
लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है।
साथ ही एक साल तक की कैद भी
होगी। इसके अलावा चिकित्साकर्मी व अस्पताल एवं जांच केंद्र का लाइसेंस भी
रद्द कर दिया जाएगा। भारत सरकार के क्षेत्रिय प्रचार अधिकारी राजीव कुमार
चतुर्वेदी ने कहा कि बेटी व बेटा के लालन पालन में भेदभाव की प्रवृति पर
विराम लगाना जरूरी है।