जिले के तीन लाख 67 हजार राशन कार्ड निरस्त कर दिए गए हैं। इनमें से तीन लाख दस हजार 754 राशन कार्ड पात्र गृहस्थी के हैं, जबकि 56 हजार 594 अंत्योदय कार्ड हैं। इनके स्थान पर अब डिजिटल कार्ड बनाए जाएंगे। इन नये कार्डों के साथ आधार नंबर भी लिंक कराए जाएंगे। डिजिटल कार्ड बनने तक वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर आनलाइन सूची के प्रिंटआउट के आधार पर कार्डधारकों को खाद्यान्न वितरित किए जाएंगे। कोटेदारों को सख्त निर्देश दे दिए गए हैं कि इस नई व्यवस्था से किसी पात्र व्यक्ति को खाद्यान्न से वंचित न होना पड़े। नये डिजिटल कार्ड प्रदेश सरकार की प्रक्रिया के अधीन हैं।
वर्तमान में दो तरह के राशन कार्ड प्रचलन में हैं। एक पात्र गृहस्थी और दूसरा अंत्योदय। नई व्यवस्था के अनुसार नया बनने वाला डिजिटल राशन कार्ड आधार कार्ड नंबर से जुड़ा होगा। इसके लिए पूर्ति विभाग ने कवायद शुरू भी कर दिया है। कोटेदारों के माध्यम से सभी पात्र कार्डधारकों का आधार नंबर संकलित कराया जा रहा है। सभी कोटेदारों को हिदायत दे दी गई है कि राशन लेने वाले कार्डधारकों से उनके आधार नंबर जरूर ले लिया जाएं। जिलापूर्ति अधिकारी क्यासुद्दीन ने बताया कि सरकार की नई योजना के मुताबिक अब एटीएम कार्ड की तरह डिजिटल राशन कार्ड बनाए जाएंगे। उसमें सभी पात्र लाभार्थियों के आधार नंबर से लिंक कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि कोटेदारों को यह हिदायत दी गई है कि पूर्व की सूची के अनुसार खाद्यान्न की उठान और वितरण पहले की भांति करते रहें। किसी भी लाभार्थी को खाद्यान्न से वंचित न होना पड़े। यदि कहीं से किसी प्रकार की अनियमितता की शिकायत मिली तो कोटेदार के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।