चिरैयाकोट। चिरैयाकोट थाना क्षेत्र के शाहपुर गांव में बीते बुधवार की रात बारात में जयमाला कार्यक्रम में लड़कियों से छेड़छाड़ को लेकर मारपीट हुई थी। इस दौरान कन्या के पिता सहित नौ लोग घायल हो गए थे। वारदात को अंजाम देने के बाद नशे में धुत बराती फरार हो गए, लेकिन पुलिस ने इस बावत कोई कार्रवाई नहीं किया। तीसरे दिन भी पुलिस ने बेटी के पिता को यह कहकर वापस कर दिया कि तहरीर से छेड़खानी की बात हटा दो।
क्षेत्र के शाहपुर गांव निवासी रामवृक्ष यादव की पुत्री कुसुम की शादी बीते 20 जून को थी। बारात आजमगढ़ जिले के जहानागंज क्षेत्र के दौलताबाद गांव से आई थी। दौलताबाद गांव निवासी कामता प्रसाद यादव अपने पुत्र की बारात लेकर रामवृक्ष के घर पहुंचे। बारात में आए नशे में धुत कुछ युवकों ने डीजे बजने पर नाचने को लेकर घराती बराती पक्ष के बीच हाथापाई हो गई, लेकिन कुछ लोगों के बीचबचाव करने पर मामला शांत हो गया। लेकिन दोनों पक्षों में विवाद को लेकर गुस्सा शांत नहीं हुआ और जयमाला के दौरान नशे में धुत युवकों ने दरवाजे पर खड़ी का कार्यक्रम शुरू हुआ, तभी नशे में धुत बरात के कुछ युवकों ने दरवाजे पर खड़ी महिलाओं से छेड़छाड़ किया। कन्या पक्ष की ओर से जब विरोध हुआ तो बराती मारपीट तक उतारू हो गए। जिससे बाराती पक्ष से पांच और घराती पक्ष से कन्या के पिता रामवृक्ष यादव सहित चार लोग घायल हो गए। रामवृक्ष के अनुसार 17 जून को तिलक चढ़ाने आए यह युवक किसी बात को लेकर वर पक्ष के एक युवक से विवाद कर बैठे। उसी खुन्नस को लेकर ही बारातियों ने ऐसा किया। पीड़ित पिता द्वारा तहरीर देने के बाद भी पुलिस ना तो मौके पर आई और न ही रिपोर्ट दर्ज किया, बल्कि शुक्रवार की सुबह दारोगा ने कहा कि अपने तहरीर से छेड़खानी की बात खत्म करके आओ तभी रिपोर्ट दर्ज करेंगे।