मधुबन(मऊ)। थाना क्षेत्र के परशुरामपुर गांव में रविवार को संदिग्ध परिस्थितियों में जहर खाने से हुई विवाहिता की मौत की घटना में मायके वालों ने ससुराल पक्ष के विरुद्घ दहेज हत्या का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस को तहरीर दिया। मृतका के चाचा की तहरीर पर पुलिस ने पति समेत चार के विरूद्घ कोतवाली में संबंधित धाराओ में रिपोर्ट दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार दोहरीघाट थाना क्षेत्र के अतरसांवा गांव निवासी जलालुद्दीन की भतीजी हशरून निशा (19) की शादी मधुबन थाना क्षेत्र के परशुरामपुर गांव निवासी समीर जोगी पुत्र बारूल के साथ 12 जनवरी 2018 को हुई थी। रविवार की दोपहर विवाहिता की विषाक्त पदार्थ के सेवन से तबियत बिगड़ गई। परिजनों ने आनन-फानन में उसे उपचार के लिए सीएचसी फतहपुर मंडाव ले गए, चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। हशरुन की मौत की सूचना मिलने पर देर रात को उसके मायके वाले अस्पताल पहुंचे, और थानाध्यक्ष को हसीरुन की दहेज के लिए हत्या करने की बात बताए। इस दौरान मृतका के चाचा ने ससुरालजन के विरूद्घ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस को तहरीर दिया। इसमें नामजद किए गए लोगों पर दहेज में एक लाख रुपये के साथ बाइक की मांग करने का आरोप लगाया है। चाचा के अनुसार आरोपी उसकी भतीजी को बीते 15 दिनों से प्रताड़ित कर रहें थे। बताते चले मृतका का निकाह केवल ढाई माह पूर्व 12 जनवरी 2018 को समीर के साथ हुआ। पीड़ित पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने पति समीर, ससुर बारूल, सास साहिना व हिना के खिलाफ धारा 498 ए,304 बी व दहेज उत्पीड़न के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
वहीं मृतका के पति समीर ने मामले में रविवार को बताया था कि लकड़ी लाने की बात को लेकर उसकी हशरून के साथ तकरार हो गई । तकरार के बाद समीर लकड़ी लाने के घर के बाहर चला गया। विवाद से नराज हसरून ने घर में रखा कीटनाशक पदार्थ खा लिया। जिसकी जानकारी समीर को वापस लकड़ी लेकर घर आने पर हुई। महिला को जमीन पर गिरा देखकर वो उसे आनन फानन में फतेहपुर मंडाव सामुदायिक केंद्र ले आया, लेकिन जब तक उसकी मौत हो चुकी थी।